प्रयागराज: घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कमी की अफवाहों के बीच प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा है कि जिले में गैस की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है। जिला प्रशासन के अनुसार मांग के अनुरूप पर्याप्त सिलेंडर उपलब्ध हैं और वितरण व्यवस्था सुचारु रूप से चल रही है।
जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि जिले में तेल कंपनियों द्वारा 144 गैस एजेंसियों के माध्यम से नियमित रूप से घरेलू गैस सिलेंडर की आपूर्ति कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में सिलेंडर की मांग और आपूर्ति के बीच किसी प्रकार की समस्या नहीं है।
डीएम ने बताया कि उपभोक्ताओं को सिलेंडर की आपूर्ति 25 दिन बाद डीएसी ऑथेंटिकेशन कोड के माध्यम से सुनिश्चित की जा रही है। इस व्यवस्था का उद्देश्य यह है कि वास्तविक उपभोक्ताओं को ही सिलेंडर मिले और किसी प्रकार का डायवर्जन या कालाबाजारी न हो सके।
प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सभी उपजिलाधिकारियों (एसडीएम) को सख्त निर्देश दिए हैं कि वे अपने क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखें। इसके लिए कार्यकारी मजिस्ट्रेट, एसीपी, थाना प्रभारी, क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी और पूर्ति निरीक्षकों के साथ संयुक्त रूप से निरीक्षण करने को कहा गया है।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि कहीं भी गैस सिलेंडर का अनाधिकृत भंडारण, डायवर्जन या कालाबाजारी नहीं होने दी जाएगी। यदि किसी एजेंसी पर अनावश्यक भीड़ या अव्यवस्था की स्थिति बनती है तो अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचकर समस्या का समाधान कराएं।
डीएम ने गैस एजेंसियों को भी चेतावनी दी है कि वे उपभोक्ताओं से निर्धारित मूल्य से अधिक धनराशि न लें। यदि किसी एजेंसी द्वारा अधिक पैसा लेने या अनियमितता की शिकायत मिलती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कुछ जनसेवा केंद्रों के माध्यम से भी घरेलू गैस सिलेंडर की आपूर्ति की जा रही है। प्रशासन ने इन केंद्रों पर भी कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं, ताकि वहां से किसी प्रकार की अनियमितता सामने न आए।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि गैस एजेंसियों के बाहर बैनर या सूचना पट्ट लगाकर यह जानकारी दी जाए कि सिलेंडर का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और जरूरत पड़ने पर उपभोक्ताओं को नियमानुसार सिलेंडर दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि जिले में गैस सिलेंडर की कमी को लेकर सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से भ्रामक जानकारी फैलाने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। इसलिए इंटरनेट मीडिया पर भी प्रशासन की नजर रखी जा रही है।
प्रशासन ने चेतावनी दी है कि यदि कोई व्यक्ति गैस सिलेंडर की कमी को लेकर झूठा प्रचार करता है या जमाखोरी और कालाबाजारी में लिप्त पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आम उपभोक्ताओं को समय पर गैस सिलेंडर मिले और किसी को भी अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें। जरूरत पड़ने पर ही सिलेंडर बुक करें, ताकि आपूर्ति व्यवस्था सुचारु रूप से बनी रहे।


