हरदोई जिले में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के तहत लोन स्वीकृत कराने के नाम पर घूस लेने के मामले में सीबीआई की एंटी करप्शन ब्रांच (एसीबी) ने कार्रवाई तेज कर दी है। मंगलवार को बसपा के पूर्व जिलाध्यक्ष सुरेश चौधरी को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया था। अब सीबीआई ने बैंक ऑफ बड़ौदा की कछौना शाखा के फरार प्रबंधक पीयूष कुमार को भी गिरफ्तार कर लिया है।
सीबीआई की जांच में सामने आया है कि लोन पास कराने के बदले 45 हजार रुपये की रिश्वत की मांग बैंक प्रबंधक पीयूष कुमार ने ही की थी। इसके लिए उन्होंने बैंक के रिकवरी एजेंट और बसपा के पूर्व जिलाध्यक्ष सुरेश चौधरी को बिचौलिए के रूप में इस्तेमाल किया। पीड़िता सीमा देवी की गोपनीय शिकायत के बाद सीबीआई ने जाल बिछाकर इस पूरे भ्रष्टाचार का खुलासा किया।
बताया गया कि कछौना निवासी सीमा देवी ने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के तहत पांच लाख रुपये के लोन के लिए आवेदन किया था। जब उनकी पत्रावली स्वीकृत होकर बैंक ऑफ बड़ौदा की कछौना शाखा पहुंची तो बैंक प्रबंधक और सुरेश चौधरी ने मिलकर उनसे कमीशन की मांग शुरू कर दी।
पीड़िता की शिकायत के बाद सीबीआई ने कार्रवाई करते हुए पहले सुरेश चौधरी को 45 हजार रुपये की घूस लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। इसके बाद जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर बैंक प्रबंधक पीयूष कुमार को भी गिरफ्तार कर लिया गया। सीबीआई मामले में आगे की जांच कर रही है।


