आगरा। साइबर ठगों ने बीटीसी (BTC) क्रिप्टो ट्रेडिंग के नाम पर एक बुजुर्ग को करीब 60 लाख रुपये का चूना लगा दिया। मामला थाना शाहगंज क्षेत्र के परशुराम नगर का है, जहां पीड़ित को फेसबुक मैसेंजर के जरिए संपर्क कर अंतरराष्ट्रीय स्तर की ट्रेडिंग कंपनी से जुड़ा होने का झांसा दिया गया।
फेसबुक मैसेंजर से शुरू हुई बातचीत, ‘बड़ी कंपनी’ का दिया हवाला
जानकार के अनुसार मॉर्गन स्टानली से जुड़ा ट्रेडिंग एक्सपर्ट बताया। वॉशिंगटन डीसी स्थित हेड ऑफिस का हवाला देकर भरोसा बढ़ाया गया। शुरुआती बातचीत में निवेश पर ऊंचे रिटर्न का दावा किया गया और स्क्रीनशॉट के जरिए लाभ दिखाया गया।
ठगों ने पीड़ित को एक ऑनलाइन डैशबोर्ड पर 39,588 अमेरिकी डॉलर (लगभग 32-33 लाख रुपये के बराबर) का कथित मुनाफा दिखाया। मुनाफा निकालने के लिए ‘टैक्स’, ‘कन्वर्ज़न चार्ज’ और ‘वेरिफिकेशन फीस’ के नाम पर अलग-अलग यूपीआई आईडी पर रकम ट्रांसफर कराई गई। इसी प्रक्रिया में कुल मिलाकर करीब 60 लाख रुपये भेज दिए गए।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक रकम कई अलग-अलग यूपीआई खातों में ट्रांसफर कराई गई, जो साइबर ठगी के मामलों में आम पैटर्न है। जब पीड़ित ने मुनाफा निकालने की कोशिश की तो नए-नए शुल्क की मांग की जाने लगी। तब जाकर ठगी का अहसास हुआ।
पीड़ित ने थाना शाहगंज में तहरीर दी है। पुलिस ने साइबर सेल के साथ मिलकर खातों और यूपीआई आईडी की ट्रेल खंगालनी शुरू कर दी है। संबंधित बैंक खातों को फ्रीज कराने की प्रक्रिया भी जारी है।
साइबर विशेषज्ञों की चेतावनी
सोशल मीडिया पर अनजान प्रोफाइल से आए निवेश प्रस्तावों से सावधान रहें।
किसी भी अंतरराष्ट्रीय कंपनी का नाम लेकर निवेश का दावा हो तो उसकी आधिकारिक वेबसाइट और संपर्क माध्यम स्वतंत्र रूप से सत्यापित करें।
मुनाफा निकालने से पहले ‘टैक्स/फीस’ मांगना ठगी का सामान्य तरीका है।
संदिग्ध लेन-देन की स्थिति में तुरंत 1930 (राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन) पर शिकायत दर्ज कराएं और cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें।






