नई दिल्ली में आयोजित आसियान-भारत रक्षा थिंक टैंक फोरम में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारत और आसियान देशों के बीच रक्षा सहयोग को मजबूत बनाने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि बदलती वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों के बीच दोनों पक्षों को मिलकर व्यावहारिक योजनाओं और संयुक्त परियोजनाओं पर काम करने की जरूरत है।
समुद्री सुरक्षा को इस सहयोग का एक अहम हिस्सा बताया गया। हिंद महासागर क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने, समुद्री मार्गों की सुरक्षा मजबूत करने और क्षेत्रीय चुनौतियों से निपटने के लिए भारत और आसियान देशों के बीच समन्वय बढ़ाने पर जोर दिया गया।
रक्षा मंत्री ने ड्रोन रोधी तकनीक और साइबर रक्षा के क्षेत्र में भी संयुक्त प्रयासों की जरूरत बताई। इसके साथ ही प्राकृतिक आपदाओं के दौरान राहत एवं बचाव कार्यों में सहयोग बढ़ाने और आधुनिक तकनीकों के विकास के लिए साझा शोध परियोजनाएं शुरू करने का प्रस्ताव रखा।
राजनाथ सिंह ने रक्षा उत्पादन और तकनीकी नवाचार में साझेदारी को भी महत्वपूर्ण बताया। प्रस्तावित सहयोग से रक्षा क्षेत्र में अनुसंधान, तकनीकी क्षमता और आपसी तालमेल को बढ़ावा मिल सकता है। अब इन प्रस्तावों को संयुक्त परियोजनाओं में बदलने के लिए भारत और आसियान देशों के बीच आगे की बातचीत महत्वपूर्ण होगी।


