कमालगंज संवाददाता* ।
मंगलवार दोपहर करीब 1:30 बजे मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आनंद उपाध्याय ने कमालगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की पोल खुल गई।
सीएमओ सबसे पहले सीधे ओपीडी में पहुंचे। वहां मरीजों को देख रहे डॉक्टरों की मौजूदगी और इलाज की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इसके बाद उन्होंने उपस्थिति रजिस्टर मंगाकर मिलान कराया तो तीन कर्मचारी ड्यूटी से नदारद मिले। सीएमओ ने तत्काल उनकी गैरहाजिरी दर्ज कराने के निर्देश दिए। उन्होंने साफ कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाए रखने के लिए समय पर उपस्थिति बेहद जरूरी है। फिलहाल अनुपस्थित कर्मचारियों पर आगे क्या कार्रवाई होगी, यह तय होना बाकी है।
इसी निरीक्षण के दौरान सीएचसी परिसर में पिछले छह दिनों से सात सूत्रीय मांगों को लेकर धरने पर बैठीं आशा कार्यकर्ताओं और आशा संगिनियों ने सीएमओ को घेर लिया और अपनी समस्याएं रखीं।
गदनपुर की आशा संगिनी जहांआरा ने आंदोलन की आगे की रणनीति बताते हुए कहा कि आशा कार्यकर्ता टीकाकरण समेत विभाग के हर काम में सबसे आगे रहती हैं, लेकिन उनकी मांगों पर कोई सुनवाई नहीं हो रही। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो बुधवार से पूरे जिले में वैक्सीनेशन का काम पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा।
11 अक्टूबर को जिले भर की सभी आशा कार्यकर्ता सीएमओ कार्यालय पर महाधरना देंगी। इसके बाद भी समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को प्रदेश स्तर पर ले जाया जाएगा और 23 अक्टूबर को लखनऊ में जोरदार प्रदर्शन किया जाएगा।
आशा कार्यकर्ता सरिता तिवारी ने कहा कि जब तक मांगों पर ठोस और लिखित फैसला नहीं होता, धरना अनिश्चितकाल तक जारी रहेगा। इस पर सीएमओ डॉ. उपाध्याय ने आशा कार्यकर्ताओं को भरोसा दिया कि उनकी मांगों को संबंधित उच्च स्तर तक भेजकर समाधान कराने का प्रयास किया जाएगा।


