लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले समाजवादी पार्टी और कांग्रेस (Congress) के बीच सीट शेयरिंग को लेकर जारी चर्चा के बीच पूर्व बीजेपी सांसद बृजभूषण शरण सिंह (Brij Bhushan Sharan Singh) के एक बयान ने राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है। कांग्रेस की ओर से यूपी में करीब 150 सीटों पर चुनाव लड़ने की दावेदारी के सवाल पर बृजभूषण ने कहा, “अखिलेश के बिना सब सूना है।” उनके इस बयान को अखिलेश यादव के प्रति सकारात्मक टिप्पणी के तौर पर देखा जा रहा है।
यूपी में सपा-कांग्रेस के बीच सीटों के बंटवारे को लेकर अभी सहमति नहीं बनी है। कांग्रेस की ओर से 150 सीटों पर दावेदारी की बात सामने आई है। इसी को लेकर पत्रकारों ने बृजभूषण शरण सिंह से सवाल किया था। जवाब में उन्होंने अखिलेश यादव का जिक्र करते हुए कहा कि उनके बिना सब सूना है।
दिल्ली में आज 30 सितंबर को INDIA ब्लॉक की बैठक हो रही है। अखिलेश यादव इसमें शामिल नहीं हुए हैं और सपा की ओर से प्रतिनिधि भेजा गया है। रिपोर्टों के मुताबिक, राज्यसभा चुनाव में पार्टी उम्मीदवारों के नामांकन की व्यस्तता के कारण उन्होंने बैठक से दूरी बनाई।
बृजभूषण शरण सिंह इससे पहले भी अखिलेश यादव को लेकर सकारात्मक टिप्पणियां कर चुके हैं। ताजा बयान ऐसे समय आया है जब सपा और कांग्रेस के बीच सीट शेयरिंग को लेकर अलग-अलग दावे सामने आ रहे हैं।
बृजभूषण के बयान पर सवाल पूछे जाने पर अखिलेश यादव ने कहा कि उनके बृजभूषण शरण सिंह से संबंध अच्छे हैं। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के विकास और किसानों-जवानों की खुशहाली के लिए सभी एक हैं। अखिलेश ने यह भी कहा कि “जो गठबंधन पहले था, वही गठबंधन आगे रहेगा।” सपा प्रमुख इससे पहले भी सपा-कांग्रेस गठबंधन को लेकर रणनीति का संकेत दे चुके हैं।


