फर्रुखाबाद। बैंक ऑफ बड़ौदा की फतेहगढ़ शाखा ने ऋण वसूली के मामले में शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए ऋण वसूली एवं वित्तीय संपत्ति अधिग्रहण अधिनियम के तहत बंधक संपत्ति का भौतिक कब्जा प्राप्त कर लिया। कार्रवाई मेसर्स मेरे प्रभु राम के स्वामी जगदीश गुप्ता के गृह ऋण खाते में बकाया राशि की वसूली के लिए की गई। बैंक के अनुसार खाते में करीब 12 लाख रुपये से अधिक की ऋण राशि के साथ ब्याज तथा अन्य विधिक एवं वसूली खर्च भी बकाया हैं।
बैंक के मुताबिक ऋण खाता गैर निष्पादित परिसंपत्ति घोषित होने के बाद नियमानुसार ऋण वसूली की प्रक्रिया शुरू की गई थी। इसी क्रम में अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व, फर्रुखाबाद द्वारा वाद संख्या 538/2026 तथा कंप्यूटरीकृत वाद संख्या डी202603240000538 में 15 जून 2026 को पारित आदेश के अनुपालन में बैंक को बंधक संपत्ति का कब्जा दिलाने के लिए आवश्यक पुलिस सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे।शुक्रवार को आदेश के अनुपालन में बैंक अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंची और बंधक संपत्ति का भौतिक कब्जा प्राप्त किया। कार्रवाई बैंक ऑफ बड़ौदा फतेहगढ़ के वरिष्ठ शाखा प्रबंधक अमित सुमन के निर्देशन में अधिकृत अधिकारी एवं मुख्य प्रबंधक शैलेन्द्र प्रताप सिंह, नामित मजिस्ट्रेट हरदीपक सिंह तथा स्थानीय पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में संपन्न हुई।
पुलिस प्रशासन की ओर से कादरी गेट चौकी प्रभारी कृष्ण कुमार कश्यप पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद रहे। बैंक अधिकारियों के अनुसार पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण और विधिसम्मत तरीके से की गई। कार्रवाई के दौरान सक्षम प्रशासनिक अधिकारी के आदेश का पालन किया गया।
बैंक अधिकारियों ने बताया कि बकाया ऋण राशि की वसूली और बैंक के हितों की सुरक्षा के लिए यह कार्रवाई की गई है। बैंक ने ऋण खातों में बकाया या अनियमितता होने वाले ग्राहकों से समय रहते शाखा से संपर्क कर भुगतान अथवा नियमानुसार समाधान की प्रक्रिया पूरी करने की अपील की है, जिससे वैधानिक कार्रवाई की स्थिति उत्पन्न न हो।


