लखनऊ। मत्स्य पालन विभाग में कथित लापरवाही, अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर बड़ी कार्रवाई की गई है। मत्स्य पालन निदेशक एनएस रहमानी को निलंबित कर दिया गया है। उनके साथ विभाग से जुड़े अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों पर भी कार्रवाई की गई है।
बताया जा रहा है कि कार्रवाई का संबंध प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना (पीएमएमएसवाई) के वाराणसी में क्रियान्वयन में कथित लापरवाही और अनियमितताओं से जुड़ा है। मामले में विभागीय स्तर पर जांच के बाद जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है।
कार्रवाई के तहत मत्स्य पालन निदेशक एनएस रहमानी के अलावा मत्स्य पालन अधिकारी श्वेता सिंह, आकाश दीप, राजेंद्र और खुर्शीद आलम को भी निलंबित किए जाने की जानकारी सामने आई है।
अधिकारियों पर योजना के क्रियान्वयन में कथित लापरवाही, अनियमितताओं और भ्रष्टाचार से जुड़े आरोपों के आधार पर कार्रवाई की गई है। विभागीय कार्रवाई के बाद संबंधित अधिकारियों की भूमिका की जांच आगे भी जारी रहने की संभावना है।
प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना का उद्देश्य मत्स्य क्षेत्र में आधारभूत ढांचे को मजबूत करना, मछुआरों और मत्स्य पालकों की आय बढ़ाना तथा रोजगार के अवसर पैदा करना है। वाराणसी में योजना के क्रियान्वयन में सामने आई कथित अनियमितताओं को गंभीरता से लेते हुए विभाग ने जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की है।
निलंबन की कार्रवाई के बाद विभागीय जांच में आरोपों की विस्तृत पड़ताल की जाएगी। जांच में यदि आरोप पुष्ट होते हैं तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ आगे भी नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।


