मेरठ/सहारनपुर/बरेली। सावन में पश्चिमी उत्तर प्रदेश की सड़कों पर शिवभक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा है। हरिद्वार और कछला से गंगाजल लेकर लौट रहे कांवड़ियों के बीच भक्ति, श्रद्धा और सेवा के साथ कई अनोखे दृश्य भी देखने को मिल रहे हैं। कहीं पति की तस्वीर कांवड़ पर लगाकर पत्नी यात्रा कर रही है तो कहीं बीमार पति को पीठ पर लादकर पत्नी गंगाजल लेकर घर लौट रही है।
सहारनपुर की रजनी ने 2022 में पति निशु की मौत के बाद उनकी तस्वीर कांवड़ पर लगाकर उनकी याद में कांवड़ उठाई। वहीं मेरठ में रीना अपने बीमार पति को पीठ पर लादकर हरिद्वार से गंगाजल लेकर पहुंचीं। दोनों बच्चे भी उनके साथ यात्रा में शामिल हैं। रीना ने कहा कि पति के जल्द स्वस्थ होने की मन्नत लेकर वह पैदल यात्रा कर रही हैं और उन्हें भरोसा है कि भोलेनाथ उनकी अर्जी जरूर सुनेंगे।
कांवड़ यात्रा में इस बार अलग-अलग थीम भी आकर्षण का केंद्र बनी हैं। मेरठ में कोई आदियोगी तो कोई ‘कांतारा’ की थीम पर कांवड़ सजाकर चल रहा है। कुछ भक्त 23 फीट लंबी कांवड़ लेकर निकले हैं, जबकि दिल्ली के दो शिवभक्तों में एक किंगकांग की वेशभूषा में यात्रा कर रहा है।
सुरक्षा के लिए मुजफ्फरनगर में बंकर: कांवड़ियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। मुजफ्फरनगर में संवेदनशील और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर बंकर बनाकर बुलेटप्रूफ जैकेट और ऑटोमेटिक हथियारों से लैस जवान तैनात किए गए हैं। ड्रोन से निगरानी के साथ बीडीडीएस, डॉग स्क्वॉड और एटीएस की टीमों को भी लगाया गया है। पुलिस का कहना है कि कांवड़ यात्रा को सकुशल संपन्न कराने के लिए सुरक्षा व्यवस्था पर लगातार नजर रखी जा रही है।
हेलिकॉप्टर से पुष्पवर्षा, मुस्लिमों ने भी किया स्वागत: हापुड़ में डीएम कविता मीना और एसपी केजी सिंह ने हेलिकॉप्टर से कांवड़ियों पर पुष्पवर्षा की। गाजियाबाद में भी कांवड़ मार्ग का हवाई सर्वे करते हुए पुष्पवर्षा की गई। बरेली में बदायूं के कछला से गंगाजल लेकर लौट रहे कांवड़ियों का मुस्लिम समुदाय के लोगों ने पुष्पवर्षा कर स्वागत किया। प्रशासन ने बरेली में कांवड़ियों के लिए विशेष ‘कांवड़ विलेज’ भी तैयार कराया है।
गंगा में डूबते कांवड़िए को बचाया: हरिद्वार में गंगा में डूब रहे यूपी के एक कांवड़िए को मौके पर तैनात एसडीआरएफ जवानों ने समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया। वहीं मेरठ में पुलिसकर्मी भी कांवड़ियों की सेवा में जुटे हैं और उन्हें भोजन, फल व पेय पदार्थ वितरित कर रहे हैं। पश्चिमी यूपी में बढ़ती कांवड़ भीड़ के बीच प्रशासन का फोकस आस्था के साथ सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को बनाए रखने पर है।


