– 4,200 करोड़ की परियोजना पर उठे सवाल
लखनऊ। उद्घाटन के महज 13 दिन बाद कानपुर-लखनऊ एलिवेटेड एक्सप्रेसवे के एक हिस्से के धंसने की खबर सामने आने के बाद 4,200 करोड़ की इस महत्वाकांक्षी परियोजना की गुणवत्ता पर सवाल उठने लगे हैं। सोशल मीडिया पर घटना के वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं, जबकि निर्माण की गुणवत्ता को लेकर विपक्ष और स्थानीय लोगों ने जांच की मांग उठाई है।
करीब 63 किलोमीटर लंबे इस छह-लेन एक्सप्रेसवे का उद्घाटन 13 जुलाई को किया गया था। यह परियोजना लखनऊ और कानपुर के बीच यात्रा समय को लगभग 35–45 मिनट तक सीमित करने के उद्देश्य से बनाई गई है।
घटना के बाद राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने सफाई देते हुए कहा कि जिस स्थान पर सड़क धंसने की सूचना मिली है, वहां तकनीकी टीम को भेज दिया गया है। प्रारंभिक जांच में इसे स्थानीय स्तर की तकनीकी समस्या बताया गया है और प्रभावित हिस्से की तत्काल मरम्मत शुरू कर दी गई है। प्राधिकरण का कहना है कि विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना ने करोड़ों रुपये की लागत से बने नए एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता नियंत्रण, निर्माण मानकों और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि शुरुआती दिनों में ही सड़क धंसने की पुष्टि होती है, तो स्वतंत्र तकनीकी ऑडिट कराया जाना आवश्यक होगा ताकि भविष्य में यात्रियों की सुरक्षा से कोई समझौता न हो।


