नवाबगंज: नवाबगंज क्षेत्र की गायत्री गली निवासी एक महिला ने कथित तौर पर दबंगों और पुलिस की कार्यशैली से परेशान होकर अपने घर के बाहर ‘मकान व प्लॉट बिकाऊ है’ का पोस्टर लगाया है। महिला ने चेतावनी दी है कि यदि उन्हें जल्द न्याय नहीं मिला तो वह परिवार सहित पलायन करने को मजबूर होंगी।
पीड़िता किरन, आनंद कुमार की पत्नी, ने बताया कि उन्होंने लगभग तीन माह पहले गांव बीरपुर में एक प्लॉट खरीदा था। इस प्लॉट पर निर्माण कार्य शुरू करने के लिए ईंटों की नींव रखी गई थी। आरोप है कि कुछ लोगों ने इस नींव को तोड़ दिया और वहां रखी ईंटें भी हटा दीं। विरोध करने पर उनके साथ गाली-गलौज और अभद्रता की गई।
महिला ने समाधान दिवस में जिलाधिकारी से शिकायत कर न्याय की गुहार लगाई थी। उनका आरोप है कि प्रशासन के निर्देशों के बावजूद स्थानीय पुलिस उन्हें जमीन पर कब्जा नहीं दिला सकी। सोमवार को जब उन्होंने दोबारा निर्माण कार्य शुरू करने का प्रयास किया, तो फिर विवाद हो गया।
इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दो लोगों के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई की, लेकिन भूमि विवाद का स्थायी समाधान नहीं हो सका।
मंगलवार को न्याय न मिलने से आहत महिला ने विरोध स्वरूप अपने घर के बाहर ‘मकान व प्लॉट बिकाऊ है’ का पोस्टर लगाया। उन्होंने आरोप लगाया कि स्थानीय पुलिस दबंगों का पक्ष ले रही है और कार्रवाई के नाम पर केवल टालमटोल की जा रही है। पीड़िता का कहना है कि उन्हें झूठे मुकदमे में फंसाने और जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं, जिससे उनका परिवार भय के माहौल में जी रहा है।
महिला ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा, “जिस जिले में जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक दोनों महिला अधिकारी हैं, वहां भी यदि एक महिला को न्याय नहीं मिल रहा है, तो वह खुद को सुरक्षित कैसे महसूस करे?”
इस संबंध में क्षेत्राधिकार मोहम्मदाबाद, अजय वर्मा का कहना है कि उन्हें पोस्टर लगाने की कोई जानकारी नहीं है। उन्होंने बताया कि यह जमीन विवाद का मामला है और इसकी जांच की जा रही है।


