राजधानी लखनऊ में आयोजित यूपी आम महोत्सव-2026 का रविवार को भव्य समापन हुआ। समापन समारोह में प्रदेश के उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने विभिन्न श्रेणियों के विजेताओं और उत्कृष्ट प्रदर्शकों को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार आम उत्पादकों की आय बढ़ाने, आधुनिक बागवानी को बढ़ावा देने और उत्तर प्रदेश के आम को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिलाने के लिए लगातार कार्य कर रही है।
मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश का आम आज 30 से अधिक देशों में निर्यात किया जा रहा है, जिससे प्रदेश के किसानों और बागवानों को बेहतर बाजार और अधिक मूल्य मिल रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि जेवर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के पूरी तरह संचालित होने के बाद आम सहित अन्य बागवानी उत्पादों के निर्यात की लागत में कमी आएगी और विदेशी बाजारों तक उत्पादों की तेज़ और आसान पहुंच सुनिश्चित होगी।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार हॉर्टिकल्चर एक्सपोर्ट प्रमोशन बोर्ड के माध्यम से बागवानी उत्पादों के निर्यात को नई गति देने की दिशा में कार्य कर रही है। इसका उद्देश्य किसानों को वैश्विक बाजार से जोड़ना, निर्यात सुविधाओं का विस्तार करना और कृषि आधारित अर्थव्यवस्था को अधिक सशक्त बनाना है।
महोत्सव में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए बागवानों और उत्पादकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस वर्ष 1501 प्रतिभागियों ने 3032 आम के नमूनों का प्रदर्शन किया, जिनमें विभिन्न प्रजातियों के स्वाद, गुणवत्ता और विशेषताओं ने दर्शकों और विशेषज्ञों का ध्यान आकर्षित किया।
प्रतियोगिता में मलिहाबाद के मोहम्मद इकबाल अहमद को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शक का सम्मान प्रदान किया गया। समारोह में उत्कृष्ट गुणवत्ता वाले आमों के प्रदर्शन, नवाचार और उत्पादन के क्षेत्र में बेहतर कार्य करने वाले किसानों को भी सम्मानित किया गया।
मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा आम उत्पादक राज्य है और सरकार की प्राथमिकता है कि यहां के किसानों को आधुनिक तकनीक, बेहतर विपणन व्यवस्था और निर्यात के अधिक अवसर उपलब्ध कराए जाएं, ताकि प्रदेश का आम दुनिया के हर प्रमुख बाजार तक अपनी मिठास पहुंचा सके।


