– पंजाब सरकार के फैसले पर केजरीवाल ने कहा,
– “नई जिंदगी की शुरुआत”
पंजाब में भगवंत मान सरकार द्वारा 65 हजार कच्चे और आउटसोर्स कर्मचारियों को नियमित करने के फैसले को लेकर सियासी और प्रशासनिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है। इस निर्णय पर प्रतिक्रिया देते हुए दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने इसे ऐतिहासिक बताते हुए कर्मचारियों और उनके परिवारों को बधाई दी है।
सोशल मीडिया मंच एक्स पर किए गए अपने पोस्ट में अरविंद केजरीवाल ने लिखा कि पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार ने ठेकेदारी प्रथा को समाप्त करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए 65 हजार कच्चे और आउटसोर्स कर्मचारियों को पक्का करने का निर्णय लिया है। उन्होंने दावा किया कि देश में पहली बार किसी राज्य सरकार ने इतने बड़े स्तर पर ऐसा फैसला लिया है।
केजरीवाल ने कहा कि यह केवल सरकारी आदेश नहीं, बल्कि हजारों परिवारों के जीवन में स्थिरता, सम्मान और सुरक्षा लाने वाला कदम है। उनके अनुसार वर्षों से अस्थायी नियुक्तियों और ठेका व्यवस्था में काम कर रहे कर्मचारियों को अब उनके अधिकार और सम्मान मिलने का रास्ता खुल गया है।
उन्होंने अपने संदेश में सभी कर्मचारियों को शुभकामनाएं देते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान को भी इस निर्णय के लिए बधाई दी। केजरीवाल ने लिखा कि यह फैसला उन लाखों लोगों के लिए उम्मीद का संदेश है जो लंबे समय से नियमितीकरण की मांग कर रहे थे।
पंजाब सरकार का यह निर्णय ऐसे समय आया है जब देश के कई राज्यों में संविदा, आउटसोर्स और अस्थायी कर्मचारियों द्वारा नौकरी की सुरक्षा और नियमितीकरण को लेकर लगातार आंदोलन किए जा रहे हैं। ऐसे में आम आदमी पार्टी इस फैसले को अपनी सरकार की बड़ी उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत कर रही है।


