लखनऊ। उत्तर प्रदेश अब निवेश के मानचित्र पर देश का ड्रीम डेस्टिनेशन बनकर उभरा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि प्रदेश में अब फियरलेस बिजनेस कल्चर है, जहां निवेशक सुरक्षित, सम्मानित और प्रोत्साहित महसूस करते हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि एक समय जिसे बीमारू राज्य कहा जाता था, वही उत्तर प्रदेश आज आर्थिक विकास का इंजन बन चुका है। मजबूत कानून-व्यवस्था, पारदर्शी नीतियों और त्वरित निर्णय प्रणाली के चलते निवेशकों का भरोसा यूपी पर तेजी से बढ़ा है।
सीएम योगी ने कहा कि आने वाला समय AI, डीपटेक और फिनटेक का है और उत्तर प्रदेश इन क्षेत्रों में निवेश के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने एग्रीटेक और ड्रोन टेक्नोलॉजी को भी प्रदेश के भविष्य का मजबूत आधार बताते हुए कहा कि इससे कृषि, रोजगार और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति मिली है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में उत्तर प्रदेश आज देश के लिए रोल मॉडल बन चुका है। सिंगल विंडो सिस्टम, ऑनलाइन क्लीयरेंस और समयबद्ध निर्णयों से निवेशकों को जमीन से लेकर लाइसेंस तक की प्रक्रिया आसान हुई है।
सीएम योगी ने उपलब्धियों को आंकड़ों के साथ रखा प्रदेश की GSDP 35 लाख करोड़ रुपये के पार पहुंच चुकी है, प्रति व्यक्ति आय बढ़कर 1.20 लाख रुपये हो गई है, कृषि विकास दर 8% से बढ़कर 18% तक पहुंची, निवेश के जरिए करीब 60 लाख युवाओं को रोजगार मिला युवाओं और किसानों को सीधा लाभ मुख्यमंत्री ने कहा कि निवेश का सबसे बड़ा लाभ युवाओं को रोजगार और किसानों को आय में वृद्धि के रूप में मिला है। औद्योगिक विकास के साथ-साथ कृषि, स्टार्टअप और MSME सेक्टर को भी मजबूती दी गई है।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा “उत्तर प्रदेश अब अवसरों का प्रदेश है। यहां निवेश सुरक्षित है, नीति स्पष्ट है और सरकार निवेशकों के साथ खड़ी है।”
प्रदेश की बदली हुई तस्वीर यह साफ दिखाती है कि उत्तर प्रदेश अब बीमारू नहीं, बल्कि भारत के विकास का ब्रांड स्टेट बन चुका है।




