– रिश्तों में नरमी के संकेत; रोड्रिगेज ने बताया सकारात्मक पहल
काराकस।
अमेरिका ने वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज पर लगे प्रतिबंधों को हटाने का फैसला लिया है। यह कदम दोनों देशों के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनावपूर्ण संबंधों में नरमी के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
अमेरिकी वित्त मंत्रालय के तहत काम करने वाले विदेशी संपत्ति नियंत्रण कार्यालय (ओएफएसी) ने इस संबंध में आधिकारिक जानकारी दी। विभाग की वेबसाइट पर जारी अपडेट के अनुसार रोड्रिगेज को अब प्रतिबंध सूची से बाहर कर दिया गया है।
हालांकि, अमेरिकी प्रशासन की ओर से इस फैसले के पीछे के कारणों को लेकर कोई विस्तृत बयान सामने नहीं आया है। इससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस निर्णय को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं।
दूसरी ओर, वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने इस फैसले का खुले तौर पर स्वागत किया है। उन्होंने इसे दोनों देशों के रिश्तों को सामान्य बनाने की दिशा में एक अहम और सकारात्मक कदम बताया।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जारी अपने संदेश में रोड्रिगेज ने कहा कि यह निर्णय द्विपक्षीय सहयोग को मजबूत करने में मदद करेगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में अन्य प्रतिबंधों में भी राहत मिल सकती है।
उन्होंने अपने बयान में कहा कि यह पहल वेनेजुएला की अर्थव्यवस्था को गति देने, निवेश बढ़ाने और आम नागरिकों के जीवन स्तर को सुधारने में सहायक सिद्ध होगी।
रोड्रिगेज ने यह भी कहा कि उनका देश अमेरिका के साथ सहयोग के नए रास्ते खोलने के लिए तैयार है और दोनों देशों को आपसी विश्वास के साथ आगे बढ़ना चाहिए।
गौरतलब है कि रोड्रिगेज पहले राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के कार्यकाल में उपराष्ट्रपति रह चुकी हैं। वर्ष 2018 में अमेरिका ने वेनेजुएला सरकार के कई वरिष्ठ अधिकारियों पर प्रतिबंध लगाए थे, जिनमें रोड्रिगेज भी शामिल थीं।
इससे पहले जनवरी 2026 में वेनेजुएला में राजनीतिक घटनाक्रम तेजी से बदला था। अमेरिकी सैन्य कार्रवाई के बाद राष्ट्रपति मादुरो को हिरासत में लिया गया, जिसके बाद रोड्रिगेज ने कार्यवाहक राष्ट्रपति का पद संभाला।
तब से अमेरिका और वेनेजुएला के बीच संपर्क बढ़ा है और दोनों देशों के बीच संवाद की प्रक्रिया भी तेज हुई है। हाल के महीनों में अमेरिका ने वेनेजुएला पर लगे कुछ आर्थिक प्रतिबंधों में ढील भी दी है, खासकर ऊर्जा क्षेत्र में।
वेनेजुएला के पास दुनिया के सबसे बड़े तेल भंडारों में से एक है, जिसके कारण वह वैश्विक ऊर्जा बाजार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। ऐसे में अमेरिका का यह कदम रणनीतिक दृष्टि से भी अहम माना जा रहा है।
इसी क्रम में काराकास स्थित अमेरिकी दूतावास को भी सात वर्षों के लंबे अंतराल के बाद फिर से खोल दिया गया है। यह कदम दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंधों की बहाली की दिशा में एक महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आने वाले समय में प्रतिबंधों में और ढील दी जाती है, तो इससे न केवल वेनेजुएला की अर्थव्यवस्था को राहत मिलेगी, बल्कि वैश्विक ऊर्जा बाजार पर भी इसका व्यापक प्रभाव पड़ सकता है।


