लखनऊ। राजधानी में यूजीसी बिल के समर्थन में विधानसभा के बाहर किया गया प्रदर्शन प्रदर्शनकारियों को भारी पड़ गया। प्रतिबंधित क्षेत्र में बिना अनुमति धरना-प्रदर्शन करने के आरोप में पुलिस ने हजरतगंज थाने में 100 से अधिक लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है। मामले में योगेश पासी को प्रमुख नाम के तौर पर शामिल किया गया है।
जानकारी के मुताबिक, प्रदर्शन के दौरान सुहेलदेव आर्मी और मार्शल समुदाय से जुड़े कार्यकर्ता बैनर-पोस्टर लेकर विधानसभा क्षेत्र के पास जुटे थे। सुरक्षा कारणों से इस इलाके में पहले से निषेधाज्ञा लागू थी। पुलिस का कहना है कि भीड़ को बार-बार समझाने और हटने का आग्रह करने के बावजूद प्रदर्शन जारी रहा, जिससे कानून-व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका बनी।
पुलिस पक्ष के अनुसार, दर्ज FIR में निषेधाज्ञा उल्लंघन, सार्वजनिक शांति भंग करने का प्रयास और सरकारी कार्य में बाधा जैसे आरोप शामिल किए गए हैं। वहीं, प्रदर्शनकारियों का दावा है कि उनका उद्देश्य शांतिपूर्ण तरीके से यूजीसी बिल के समर्थन में अपनी बात रखना था और किसी तरह की अव्यवस्था फैलाने का इरादा नहीं था।
इस कार्रवाई के बाद राजधानी की राजनीति गरमा गई है। जानकारों का मानना है कि मामले को लेकर आगे राजनीतिक और सामाजिक प्रतिक्रियाएं तेज हो सकती हैं। फिलहाल पुलिस जांच में जुटी है और आगे की कार्रवाई साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी।






