फर्रुखाबाद। माफिया तंत्र के समर्थन में गैंग के अन्य दबंग पुलिस प्रशासन का खौफ मानने को तैयार नहीं है,यूथ इंडिया के प्रधान संपादक शरद कटियार ने आरोप लगाते हुए कहा है कि माफिया अनुपम दुबे और उसके कुख्यात साथी अवधेश मिश्रा के समर्थन में लगातार उन्हें धमकियां दी जा रही हैं,और अब यह मामला खुलेआम कचहरी परिसर तक पहुंच गया है।
कटियार के अनुसार, एडवोकेट प्रदीप अवस्थी उर्फ सोनू अग्निहोत्री पहले भी कई बार सोशल मीडिया के माध्यम से माफिया के समर्थन में उन्हें धमका चुका है। इन धमकियों को लेकर थाना कादरीगेट में मुकदमा भी पंजीकृत है, लेकिन इसके बावजूद आरोपी के हौसले इतने बुलंद हैं कि उसने अपनी हरकतें नहीं रोकीं।
आरोप है कि 25 मार्च 2026 को दोपहर करीब 12:30 बजे फतेहगढ़ कचहरी परिसर में, प्रदीप अग्निहोत्री ने अपने कई अज्ञात साथियों के साथ मिलकर शरद कटियार को घेर लिया और खबरें बंद करने की बात को लेकर सीधे-सीधे माफिया के समर्थन में जान से मारने की धमकी दी। यह घटना न सिर्फ कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है, बल्कि न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को भी कटघरे में खड़ा करती है।
हैरानी की बात यह है कि इस गंभीर घटना की शिकायत पुलिस से किए जाने के अगले ही दिन, 26 मार्च को शरद कटियार को एक विधिक नोटिस भेजा गया, जिसमें उनके द्वारा प्रकाशित समाचार को लेकर निराधार आरोप लगाए गए। कटियार का कहना है कि यह नोटिस दरअसल धमकियों की ही अगली कड़ी है—एक सुनियोजित दबाव बनाने की कोशिश, ताकि सच सामने न आ सके।
कटियार ने साफ कहा कि उनके अखवार में प्रकाशित समाचार पूरी तरह जनहित और तथ्यों पर आधारित था और उनका उद्देश्य केवल सच को उजागर करना है, न कि किसी की छवि खराब करना। शरद कटियार नें पुलिस से मांग की है कि माफिया समर्थित धमकी देने वालों पर तत्काल एफआईआर दर्ज हो और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो।


