फर्रुखाबाद। पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी और मैदानी इलाकों में फैल रही ठंडी हवाओं के कारण फर्रुखाबाद जिले में कड़ाके की सर्दी का असर लगातार महसूस किया जा रहा है। गुरुवार की सुबह जिले में न्यूनतम तापमान 7.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, वहीं अधिकतम तापमान 14.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा। सुबह से ही घना कोहरा छाया रहा और पाला गिरने से शहर के अधिकांश हिस्सों में जनजीवन प्रभावित रहा।
कोहरे के कारण विजिबिलिटी घटकर लगभग 50 मीटर रह गई, जिससे फर्रुखाबाद-फतेहगढ़ मार्ग पर सुबह के समय सन्नाटा पसरा रहा। सड़कों पर केवल आवश्यक कार्यों से निकलने वाले लोग ही दिखाई दिए। सुबह-सुबह अपने काम के लिए निकले खानपुर निवासी रामसेवक ने बताया कि साइकिल से कचहरी जा रहे थे, तभी नेकपुर पुल के पास उन्होंने जलता अलाव देखा और वहीं रुककर आग के पास बैठ गए। उन्होंने कहा कि पाला गिरने से उनके हाथ सुन्न पड़ गए थे और अलाव देखकर उन्हें थोड़ी राहत मिली।
बाजारों में दुकानदार और छोटे व्यवसायी ठंड से बचने के लिए हीटर, अलाव और गर्म पेय पदार्थों का सहारा लेते दिखे। दिसंबर के पहले सप्ताह से ही फर्रुखाबाद में कड़ाके की ठंड पड़नी शुरू हो गई थी और गुरुवार को उसका असर और बढ़ गया। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में ठंड और बढ़ सकती है, इसलिए आम नागरिकों को गर्म कपड़े पहनने और सुबह-शाम घर से बाहर निकलने में सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
कृषकों का कहना है कि कोहरा गेहूं और तंबाकू की फसल के लिए लाभकारी है, लेकिन आलू और सरसों की फसल को नुकसान पहुंचा सकता है। वहीं, आम लोग ठंड के कारण अलाव और चाय की ओर अधिक रुख कर रहे हैं। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार पहाड़ों पर लगातार हो रही बर्फबारी के कारण मैदानी इलाकों में ठंडी हवाओं का प्रकोप और बढ़ सकता है।






