पटना। जन सुराज पार्टी के फाउंडर प्रशांत किशोर ने बिहार विधानसभा चुनाव में हार के बाद मीडिया के सामने आकर कहा कि हार की पूरी जिम्मेदारी वही लेते हैं। राजनीति छोड़ने वाले अपने पुराने बयान पर उन्होंने सफाई दी कि उन्होंने कभी बिहार छोड़ने की बात नहीं कही। प्रशांत किशोर ने कहा कि वे राजनीति नहीं करेंगे, लेकिन लोगों की आवाज उठाते रहेंगे और बिहार में ही रहेंगे।
उन्होंने चुनाव आयोग पर सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग का आरोप लगाया। उनका कहना है कि जीविका दीदियों को चुनावी काम में लगाया गया और कई सीटों पर अंतिम दो घंटों में वोटिंग असामान्य रूप से बढ़ी, जिसकी जानकारी आयोग ने स्पष्ट नहीं की।
प्रशांत किशोर ने कहा कि जन सुराज भले छोटी पार्टी है, पर अगर जरूरत पड़ी तो वे सुप्रीम कोर्ट जाएंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि जिन नेताओं पर गंभीर आरोप हैं, अगर उन्हें मंत्री बनाया गया तो वे अदालत का दरवाजा खटखटाएंगे।
उन्होंने कहा कि बिहार के लोग थोड़े पैसे में अपना भविष्य नहीं बेचते। चुनाव के दौरान सरकार की ओर से भारी भरकम आर्थिक वादे किए गए, जिससे माहौल प्रभावित हुआ। प्रशांत ने कहा कि वे बिहार को सुधारने की अपनी जिद के साथ काम जारी रखेंगे।





