दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम एशिया में जारी तनावपूर्ण हालात को लेकर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की और इसके बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की।
प्रधानमंत्री ने बताया कि बैठक में देशभर के मुख्यमंत्रियों और उपराज्यपालों के साथ स्थिति का व्यापक आकलन किया गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि मौजूदा वैश्विक हालात को देखते हुए भारत को आर्थिक और व्यापारिक स्थिरता बनाए रखने के लिए सतर्क रहना होगा।
पीएम मोदी ने विशेष रूप से “ऊर्जा सुरक्षा” को प्राथमिकता देने पर जोर दिया और कहा कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के बीच देश में ईंधन और ऊर्जा आपूर्ति निर्बाध बनी रहनी चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने नागरिकों के हितों की रक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए राज्यों को संवेदनशील और सक्रिय रहने के निर्देश दिए।
बैठक में उद्योगों और आपूर्ति श्रृंखलाओं को मजबूत बनाए रखने पर भी जोर दिया गया, ताकि किसी भी वैश्विक संकट का असर देश की अर्थव्यवस्था पर न्यूनतम पड़े। प्रधानमंत्री ने राज्यों से समन्वय बढ़ाने और आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने को कहा।
यह बैठक ऐसे समय में हुई है जब पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष का असर वैश्विक व्यापार, तेल आपूर्ति और आर्थिक गतिविधियों पर पड़ रहा है। ऐसे में केंद्र सरकार की यह सक्रियता आने वाले समय की चुनौतियों से निपटने की रणनीति के रूप में देखी जा रही है।
पश्चिम एशिया संकट पर पीएम की उच्चस्तरीय समीक्षा, राज्यों को दिए स्पष्ट निर्देश


