एटा: जनपद के निवासियों के लिए राहत भरी खबर है। अब पासपोर्ट बनवाने के लिए लोगों को बरेली या नोएडा जैसे दूरस्थ शहरों की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी। शहर के कचहरी रोड स्थित मुख्य डाकघर परिसर में पासपोर्ट सेवा केंद्र खोलने को औपचारिक मंजूरी मिल गई है। विदेश मंत्रालय की टीम द्वारा स्थलीय निरीक्षण के बाद प्रस्ताव को स्वीकृति प्रदान कर दी गई है और उम्मीद जताई जा रही है कि आगामी अप्रैल माह से यहां पासपोर्ट संबंधी सेवाएं शुरू हो जाएंगी।
अब तक एटा के नागरिकों को पासपोर्ट बनवाने के लिए बरेली और नोएडा स्थित पासपोर्ट सेवा केंद्रों का रुख करना पड़ता था। लंबी दूरी तय करने में पूरा दिन लग जाता था, जिससे समय की बर्बादी के साथ-साथ यात्रा, खानपान और अन्य व्यवस्थाओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ भी पड़ता था। कई बार दस्तावेजों में कमी या तकनीकी त्रुटियों के कारण दोबारा चक्कर लगाने की नौबत आ जाती थी, जिससे आम नागरिकों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ता था।
मुख्य डाकघर परिसर में पासपोर्ट सेवा केंद्र खुलने से विद्यार्थियों, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं, निजी व सरकारी नौकरीपेशा लोगों तथा विदेश यात्रा या रोजगार की योजना बना रहे नागरिकों को सीधा लाभ मिलेगा। अब स्थानीय स्तर पर ही दस्तावेजों की जांच, बायोमेट्रिक प्रक्रिया, फोटो कैप्चर और आवेदन से जुड़ी सभी औपचारिकताएं पूरी की जा सकेंगी। इससे पूरी प्रक्रिया अधिक सुगम, पारदर्शी और समयबद्ध हो सकेगी।
सूत्रों के अनुसार, विदेश मंत्रालय के अधिकारियों ने निरीक्षण के दौरान भवन, सुरक्षा व्यवस्था, तकनीकी संसाधनों और आवश्यक बुनियादी सुविधाओं का जायजा लिया था। निरीक्षण संतोषजनक पाए जाने के बाद केंद्र खोलने की मंजूरी दे दी गई। अब भवन के भीतर आवश्यक उपकरणों की स्थापना, नेटवर्क कनेक्टिविटी और स्टाफ की तैनाती की प्रक्रिया अंतिम चरण में है।
डाक अधीक्षक उदयवीर सिंह यादव ने बताया कि पासपोर्ट सेवा केंद्र की स्थापना से जिलेवासियों को बड़ी राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि यह सुविधा शुरू होने के बाद न केवल समय और धन की बचत होगी, बल्कि अनावश्यक भागदौड़ से भी मुक्ति मिलेगी। विभाग की ओर से सभी तैयारियां तेज गति से पूरी की जा रही हैं, ताकि निर्धारित समय पर सेवाएं प्रारंभ की जा सकें।
जनपद में पासपोर्ट जैसी महत्वपूर्ण सेवा उपलब्ध होने से स्थानीय युवाओं और व्यवसायिक वर्ग को विशेष लाभ मिलने की उम्मीद है। यह कदम प्रशासनिक सुविधाओं के विकेंद्रीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जिससे आम नागरिकों को उनके जिले में ही आवश्यक सेवाएं प्राप्त हो सकेंगी।


