लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से बड़े पैमाने पर अधिकारियों के दायित्वों में परिवर्तन किया है। मुख्यमंत्री के नेतृत्व में जारी आदेश के तहत दो भारतीय प्रशासनिक सेवा अधिकारियों तथा छह प्रांतीय सिविल सेवा अधिकारियों को नई तैनाती प्रदान की गई है। शासन की ओर से जारी निर्देशों के अनुसार यह फेरबदल विभागीय कार्यों में तेजी लाने और योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन को ध्यान में रखते हुए किया गया है।
जारी आदेश के अनुसार भारतीय प्रशासनिक सेवा की अधिकारी वी. हेकाली झिमोमी को प्रमुख सचिव, वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, उत्तर प्रदेश शासन का दायित्व सौंपा गया है। वह वर्तमान में प्रतीक्षा सूची में थीं। वहीं इस पद पर कार्यरत अनिल कुमार तृतीय को उक्त विभाग से कार्यमुक्त कर दिया गया है। हालांकि उनके पास अन्य विभागों का दायित्व यथावत बना रहेगा। वे अब तक वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के साथ पंचायती राज विभाग का भी कार्यभार संभाल रहे थे।
इसके अतिरिक्त प्रांतीय सिविल सेवा के छह अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में भी परिवर्तन किया गया है। राजेश चंद्र को अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) मैनपुरी नियुक्त किया गया है। वे पूर्व में गाजीपुर में उप जिलाधिकारी के रूप में तैनात थे। विकास यादव को अंबेडकर नगर में उप जिलाधिकारी बनाया गया है। बृजपाल सिंह को लखीमपुर खीरी में अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इसी क्रम में राजेश कुमार मिश्रा को अयोध्या विकास प्राधिकरण में सचिव नियुक्त किया गया है। वे वर्तमान में अयोध्या में नगर मजिस्ट्रेट के पद पर कार्यरत थे। उनके स्थान पर संजीय कुमार उपाध्याय को अयोध्या का नगर मजिस्ट्रेट बनाया गया है। साथ ही अर्चना अग्निहोत्री को मऊ जिले में उप जिलाधिकारी नियुक्त किया गया है। वह इससे पूर्व राजस्व परिषद से संबद्ध थीं।
प्रदेश सरकार के इस प्रशासनिक निर्णय को सुशासन और कार्यकुशलता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। शासन ने सभी अधिकारियों को अपने नए दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा, पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ करने के निर्देश दिए हैं, ताकि जनता से जुड़े कार्य समयबद्ध और प्रभावी ढंग से पूरे हो सकें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here