नरेंद्र मोदी अपने दो दिवसीय राजकीय दौरे पर इस्राइल पहुंचे, जहां बेंजामिन नेतन्याहू ने पत्नी सारा नेतन्याहू के साथ बेन गुरियन हवाई अड्डे पर उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। विमान से उतरते ही नेतन्याहू ने बाहें फैलाकर ‘अपने मित्र’ मोदी का अभिनंदन किया। दोनों नेताओं ने हाथ मिलाया और गले लगकर आपसी दोस्ती का प्रदर्शन किया।
स्वागत के दौरान एक हल्का-फुल्का पल भी आया जिसने माहौल को और खुशनुमा बना दिया। सारा नेतन्याहू ने भगवा रंग का फॉर्मल सूट पहन रखा था। इसी बीच नेतन्याहू ने प्रधानमंत्री मोदी के जैकेट में लगे पॉकेट स्क्वायर की ओर इशारा करते हुए मुस्कराकर कहा कि इसका रंग सारा की ड्रेस से मेल खा रहा है। इस पर प्रधानमंत्री मोदी ने भी हंसते हुए ‘हां, हां… भगवा’ कहा, और तीनों ठहाके लगाकर हंस पड़े।
नेतन्याहू ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर स्वागत का वीडियो साझा करते हुए लिखा कि वह अपने मित्र नरेंद्र मोदी का इस्राइल में स्वागत कर रहे हैं। उन्होंने इसे ऐतिहासिक दौरा बताया और दोनों देशों के बीच गहरे संबंधों को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि भारत और इस्राइल के बीच दोस्ती लगातार मजबूत हो रही है।
यह प्रधानमंत्री मोदी की बीते नौ वर्षों में दूसरी इस्राइल यात्रा है। इससे पहले वह जुलाई 2017 में इस्राइल गए थे, जो किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली आधिकारिक इस्राइल यात्रा थी। उस ऐतिहासिक दौरे के बाद दोनों देशों के संबंधों में नई गति आई थी। नेतन्याहू ने भी बाद में भारत का दौरा किया था, जिसे उन्होंने बेहद खास बताया।
प्रधानमंत्री मोदी अपने दौरे के दौरान इस्राइली संसद ‘नेसेट’ को संबोधित करेंगे। ऐसा करने वाले वह पहले भारतीय प्रधानमंत्री होंगे। इसके अलावा वह भारतीय समुदाय के कार्यक्रम में भी भाग लेंगे और विभिन्न द्विपक्षीय बैठकों में शामिल होंगे।
नेतन्याहू ने अपने बयान में कहा कि दोनों नेता नेसेट में आयोजित एक विशेष स्वागत समारोह में भाग लेंगे और यरूशलम में नवाचार से जुड़े कार्यक्रम में शामिल होंगे। इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी के सम्मान में रात्रिभोज का आयोजन किया जाएगा।
दौरे के दूसरे दिन दोनों नेता ‘याद वाशेम’ स्मारक का दौरा करेंगे, जहां होलोकॉस्ट पीड़ितों को श्रद्धांजलि दी जाती है। इसके पश्चात दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडलों के बीच विस्तृत वार्ता होगी, जिसमें आर्थिक, सुरक्षा और रणनीतिक सहयोग से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।
सूत्रों के अनुसार, इस दौरान कई महत्वपूर्ण समझौतों पर हस्ताक्षर किए जा सकते हैं, जिनका उद्देश्य रक्षा, प्रौद्योगिकी, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और व्यापार जैसे क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत करना है। दोनों देश पहले से ही रक्षा और कृषि तकनीक के क्षेत्र में घनिष्ठ साझेदारी रखते हैं।
प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा भारत-इस्राइल संबंधों को नई ऊंचाई देने की दिशा में अहम माना जा रहा है। हवाई अड्डे पर दिखी आत्मीयता और दोस्ती ने यह स्पष्ट संकेत दिया कि दोनों देशों के शीर्ष नेतृत्व के बीच मजबूत व्यक्तिगत संबंध कूटनीतिक सहयोग को और गहरा बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।


