बरेली
पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के चलते कच्चे तेल और गैस आपूर्ति प्रभावित होने से देशभर में एलपीजी संकट गहराता जा रहा है। ऐसे में शादी-विवाह के सीजन को देखते हुए बरेली जिला प्रशासन ने एक राहत भरा कदम उठाया है। वैवाहिक आयोजनों में गैस की कमी से जूझ रहे लोगों को अब विशेष व्यवस्था के तहत सिलिंडर उपलब्ध कराए जाएंगे, जिससे आयोजकों और कारोबारियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
प्रशासन द्वारा लागू की गई नई व्यवस्था के तहत आयोजकों को सिलिंडर प्राप्त करने के लिए जिलाधिकारी या पूर्ति विभाग में विवाह का कार्ड संलग्न करते हुए प्रार्थनापत्र देना होगा। इसमें मेहमानों की संख्या, आयोजन की तिथि और आवश्यक सिलिंडरों की संख्या का स्पष्ट विवरण देना अनिवार्य होगा। इसके बाद विभागीय समीक्षा के आधार पर अधिकारियों द्वारा तय किया जाएगा कि कितने कॉमर्शियल सिलिंडर उपलब्ध कराए जाएंगे।
प्रक्रिया के अनुसार पूर्ति विभाग संबंधित गैस एजेंसी को पत्र जारी करेगा, जिसके आधार पर एजेंसी पेट्रोलियम कंपनी से सिलिंडर प्राप्त कर आयोजकों को अस्थायी कनेक्शन के जरिए उपलब्ध कराएगी। इसके लिए आयोजकों को सिलिंडर की कीमत के साथ लगभग 4500 रुपये सिक्योरिटी मनी जमा करनी होगी, जो बाद में सिलिंडर लौटाने पर वापस कर दी जाएगी।
प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि आयोजन समाप्त होने के बाद सभी सिलिंडर वापस करना अनिवार्य होगा। यदि कोई सिलिंडर वापस नहीं किया जाता है तो संबंधित सिक्योरिटी मनी जब्त कर ली जाएगी। इस व्यवस्था का उद्देश्य अनियंत्रित मांग पर नियंत्रण करना और कालाबाजारी पर रोक लगाना है।
जिला पूर्ति अधिकारी मनीष कुमार सिंह ने बताया कि शादी-ब्याह के सीजन में किसी भी आयोजन को प्रभावित न होने देने के लिए यह व्यवस्था लागू की गई है। उन्होंने आयोजकों से समय रहते आवेदन करने की अपील की है, क्योंकि पूरी प्रक्रिया में लगभग एक सप्ताह का समय लग सकता है। प्रशासन को उम्मीद है कि इस पहल से आम उपभोक्ताओं पर दबाव कम होगा और गैस की नियमित आपूर्ति बनाए रखने में मदद


