गोंडा| सोमवार शाम उस समय सनसनी फैल गई, जब खेलते समय चार मासूम बच्चे अचानक लापता हो गए। घटना के बाद पूरे गांव में हड़कंप मच गया है। परिजन बदहवास हालत में बच्चों की तलाश में इधर-उधर भटक रहे हैं, जबकि पुलिस ने भी मामले को गंभीरता से लेते हुए व्यापक तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।
मामला खोड़ारे थाना क्षेत्र के ढहढूआ कुतुबजोत (निकट गिन्नी नगर) गांव का है। जानकारी के अनुसार 16 फरवरी की शाम करीब चार से पांच बजे के बीच बच्चे घर के बाहर खेल रहे थे। परिजनों का कहना है कि बच्चे रोज की तरह पास ही खेल रहे थे, लेकिन कुछ देर बाद अचानक नजरों से ओझल हो गए। जब काफी देर तक बच्चे घर नहीं लौटे तो परिजनों को चिंता हुई और उन्होंने आसपास खोजबीन शुरू की। गांव, खेतों, बागों और पड़ोसी इलाकों में तलाश की गई, लेकिन देर रात तक उनका कोई सुराग नहीं मिल सका।
लापता बच्चों में कृष्णा (11 वर्ष) पुत्र जगराम उर्फ खूंटी, विश्व प्रताप (7 वर्ष) पुत्र रामकुमार, रितेश (7 वर्ष) पुत्र अजय शर्मा तथा रेवांशु (7 वर्ष) पुत्र गोलू शामिल हैं। एक साथ चार बच्चों के गायब होने से गांव में दहशत का माहौल है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और वे किसी अनहोनी की आशंका जता रहे हैं।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस टीम गांव और आसपास के संभावित स्थानों पर सघन तलाशी अभियान चला रही है। संभावित मार्गों, बाजारों और चौराहों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है, ताकि बच्चों की आखिरी लोकेशन का पता लगाया जा सके। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है और जल्द ही बच्चों का सुराग लगाने का प्रयास किया जा रहा है।
प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि यदि किसी को बच्चों के संबंध में कोई जानकारी मिले तो तत्काल पुलिस को सूचित करें। फिलहाल पूरे क्षेत्र में बेचैनी का माहौल है और हर कोई बच्चों की सकुशल बरामदगी की दुआ कर रहा है।





