लखनऊ| राजधानी में यौन शोषण और अवैध धर्म परिवर्तन के आरोपी केजीएमयू के रेजीडेंट डॉक्टर रमीज मलिक के मामले में जांच के दौरान एक के बाद एक गंभीर खुलासे हो रहे हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि रमीज मलिक ने जिस तरह से वर्तमान पीड़िता का शोषण और धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया, उसी तरह उसने पहले भी एक महिला डॉक्टर का धर्म परिवर्तन कराकर निकाह किया था। इस कथित पहले निकाह में रमीज के माता-पिता, निकाह पढ़ाने वाला काजी और एक गवाह की सक्रिय भूमिका सामने आई है। पुलिस ने सोमवार को इस मामले में कार्रवाई करते हुए रमीज के माता-पिता को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि काजी और गवाह की तलाश तेज कर दी गई है।
डीसीपी पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव के अनुसार, केजीएमयू में पढ़ने वाली पीड़िता ने अपनी एफआईआर में बताया था कि फरवरी 2025 में रमीज मलिक ने एक अन्य महिला डॉक्टर का भी धर्म परिवर्तन कराकर शादी की थी। इस जानकारी के आधार पर पुलिस ने उस महिला से संपर्क किया और पूरी गोपनीयता के साथ मजिस्ट्रेट के समक्ष उसका बयान दर्ज कराया। बयान में महिला डॉक्टर ने धर्म परिवर्तन कराए जाने और पीलीभीत ले जाकर निकाह कराने की पुष्टि की। महिला ने रमीज के पिता सलीमुद्दीन, मां खदीजा, पीलीभीत निवासी काजी सैयद जाहिद हसन और गवाह शारिक खान के नाम भी उजागर किए। इसके बाद चौक पुलिस ने इन चारों को केस में नामजद आरोपी बनाया।
पुलिस ने सोमवार को रमीज के पिता सलीमुद्दीन और मां खदीजा को ठाकुरगंज स्थित मुम्ताज कोर्ट अपार्टमेंट के फ्लैट नंबर 303 से गिरफ्तार किया। बताया गया है कि आरोपी परिवार मूल रूप से पीलीभीत जिले के न्योरिया थाना क्षेत्र का रहने वाला है। सलीमुद्दीन पेशे से मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव बताए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि काजी और गवाह की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें गठित कर दबिश दी जा रही है।
इस बीच फरार चल रहे आरोपी डॉक्टर रमीज मलिक पर पुलिस ने इनाम की राशि बढ़ा दी है। पहले घोषित 25 हजार रुपये के इनाम को बढ़ाकर अब 50 हजार रुपये कर दिया गया है। डीसीपी ने बताया कि रमीज के माता-पिता से पूछताछ में उसके कुछ नए संभावित ठिकानों की जानकारी मिली है, जिन पर पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। साथ ही रमीज की संपत्ति कुर्क करने की प्रक्रिया के तहत कोर्ट में जल्द अर्जी दाखिल की जाएगी। मामले में साजिश, मारपीट, धमकी और ब्लैकमेलिंग जैसी धाराओं की भी बढ़ोतरी की गई है।
जांच में यह भी सामने आया है कि रमीज की कथित पहली पत्नी भी पेशे से डॉक्टर है। दोनों की मुलाकात आगरा में पढ़ाई के दौरान हुई थी और युवती मूल रूप से नोएडा की रहने वाली बताई जा रही है। आरोप है कि रमीज ने उसे प्रेमजाल में फंसाया और फरवरी 2025 में उसका धर्म परिवर्तन कराकर पीलीभीत ले जाकर निकाह किया।
गौरतलब है कि इस पूरे मामले की शुरुआत तब हुई जब केजीएमयू की एक महिला रेजीडेंट डॉक्टर ने डॉ. रमीज मलिक पर यौन शोषण और धर्म परिवर्तन का दबाव डालने का आरोप लगाया। पीड़िता के अनुसार अगस्त महीने में आरोपी उसके किराये के कमरे पर पहुंचा और शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। सितंबर में गर्भवती होने की जानकारी मिलने पर रमीज ने दवा देकर जबरन गर्भपात करा दिया। बाद में पीड़िता को पता चला कि रमीज पहले से शादीशुदा है और उसने एक हिंदू लड़की का धर्म परिवर्तन कराकर निकाह किया है। इसके बाद रमीज ने उस पर भी धर्म परिवर्तन का दबाव बनाना शुरू कर दिया और ब्लैकमेल किया। मानसिक प्रताड़ना से परेशान होकर पीड़िता ने 17 दिसंबर की सुबह जहरीली दवाएं खाकर आत्महत्या का प्रयास किया था। फिलहाल मामले की जांच जारी है और पुलिस लगातार आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास में जुटी हुई है।





