फर्रुखाबाद । श्रीमद्भागवत एवं राम कथा समिति गंगानगर की ओर से हुए बीसवें में काव्य समारोह मेंस्थानीय एवं बाहर से आने वाले कवि साहित्यकार ने अध्यात्म और भक्ति की साहित्यिक धारा प्रवाहित कर दी। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि दुर्वासा ऋषि आश्रम के महंत ईश्वरदास ब्रह्मचारी महाराज ने आशीर्वाद दिया वहीं राष्ट्रीय स्तर के कवि डॉक्टर शिव ओम अंबर की अध्यक्षता ने कार्यक्रम को गरिमा प्रदान की। संचालन भक्त कवि महेश पाल सिंह उपकारी व वैभव सोमवंशी ने किया।
वरिष्ठ कवियत्री श्रीमती प्रीति पवन तिवारी की वाणी वंदना से शुरू हुए काव्य क्रम में हरदोई में से आये उदय पाल सिंह उदय ने कहा- प्रेम बेशक नहीं कीजिए
प्रेम पर शक नहीं कीजिए।
युवा कवि शोभित तोमर ने पढ़ा
जैस भी संघर्ष करो स्वीकार हमें होगा
वीर पुरुष परिणामों की परवाह नहीं करते।
वरिष्ठ कवियत्री प्रीति पवन तिवारी ने कहा
मुस्कराती रही प्रीति की राधिका,
श्याम घनश्याम मुरली बजाते रहे
अध्यक्ष कवि डा. शिव ओम अंबर ने पढ़ा – निंदा हो अभिनंदन हो, अंत को अविकारी रख, श्रीमद् भगवत गीता पढ़ जंग बराबर जारी रख।
इसके अलावा नरेश चंद्र द्विवेदी,नील कमल मोनू त्रिवेदी, दशरथ सिंह राठौड़, हरदोई से आए राजकुमार सिंह, ब्रजकिशोर सिंह किशोर, दिनेश अवस्थी,वैभव सोमवंशी सुभग, महेश पाल सिंह उपकारी,आदि ने काव्यपाठ किया। इस अवसर पर श्रद्धा रानी स्मृति संस्थान की ओर से अध्यक्ष संजय अग्रवाल उनकी टीम ने सभी कवियों को तुलसी का पौधा भेंट कर सम्मान किया। समिति की ओर से सभी कवियों को सम्मानित किया गया। इस मौके पर सुदेश दुबे श्वेता दुबे, अखिलेश अग्निहोत्री, विभोर सोमवंशी, अनुजा सोम वंशी, जितेंद्र अग्रवाल, चित्रा अग्निहोत्री, निमिष टंडन राम सागर दीक्षित सहित बड़ी तादाद में साहित्य प्रेमी व भक्त मौजूद रहे।




