लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हर सोमवार की तरह इस बार भी लोकभवन में जनता दर्शन कार्यक्रम आयोजित किया। प्रदेश के विभिन्न जिलों से पहुंचे लोगों की समस्याएं सुनते हुए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी मामलों का निश्चित समयावधि में निस्तारण किया जाए और पीड़ितों से फीडबैक लेकर संतोषजनक समाधान सुनिश्चित किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि “जन-जन की सेवा, सुरक्षा और सम्मान ही हमारी सरकार का ध्येय है। सरकार पहले दिन से ही इसी भावना के साथ कार्य कर रही है।” उन्होंने कहा कि किसी भी आम नागरिक को न्याय पाने में कठिनाई नहीं होनी चाहिए।
50 से अधिक लोग पहुंचे जनता दर्शन में
सोमवार सुबह जनता दर्शन में 50 से अधिक फरियादी अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। मुख्यमंत्री ने स्वयं प्रत्येक व्यक्ति के पास जाकर उनका आवेदनपत्र लिया और मौके पर मौजूद अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए।
जनता दर्शन में आने वाले अधिकतर लोगों ने पुलिस से संबंधित शिकायतें, बिजली विभाग की दिक्कतें, आर्थिक सहायता और जमीन विवाद जैसे मामलों को उठाया।
इसी दौरान बुलंदशहर निवासी एक सीआरपीएफ जवान भी अपनी जमीन से जुड़े विवाद की शिकायत लेकर पहुंचे। मुख्यमंत्री ने जवान को आश्वस्त करते हुए कहा — “आप निश्चिंत होकर ड्यूटी कीजिए, समाधान की जिम्मेदारी सरकार की है। निष्पक्ष जांच कराई जाएगी और न्यायोचित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।”
नन्हे फरियादियों से मिलकर बढ़ाया अपनापन
जनता दर्शन में मुख्यमंत्री योगी ने फरियादियों के साथ आए बच्चों से भी संवाद किया। उन्होंने नन्हे-मुन्नों से हालचाल पूछा, उनके सिर पर हाथ फेरकर स्नेह जताया और उन्हें चॉकलेट-टॉफी भेंट की।
मुख्यमंत्री ने बच्चों को प्रेरित करते हुए कहा — “खूब पढ़ो, जमकर खेलो और अपने माता-पिता का नाम रोशन करो।”
मुख्यमंत्री योगी के इस साप्ताहिक जनता दर्शन कार्यक्रम को जनता और प्रशासन के बीच प्रत्यक्ष संवाद का मजबूत माध्यम माना जा रहा है, जहां शासन की संवेदनशीलता और जवाबदेही का प्रत्यक्ष प्रदर्शन देखने को मिलता है।






