औरैया: बेला थाना में तैनात उपनिरीक्षक अशोक कुमार (55) की सोमवार देर रात अचानक हृदयगति रुकने से मृत्यु हो गई। इस दुखद घटना से पुलिस विभाग में शोक की लहर दौड़ गई। दरोगा अशोक कुमार मूल रूप से बिहार राज्य के जिला पूर्वी चंपारण के थाना पलनवा क्षेत्र अंतर्गत गांव बहु एरवा के निवासी थे और वर्तमान में बेला थाने में तैनात थे।
जानकारी के अनुसार सोमवार रात करीब 10 बजे अपने आवास पर अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। उनकी पत्नी अर्चना ने हालत गंभीर होते देख शोर मचाया, जिस पर थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिसकर्मियों ने बिना देर किए उन्हें निजी वाहन से जनपद कन्नौज स्थित डॉ. भीमराव रामजी अंबेडकर मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। हालांकि वहां मौजूद चिकित्सकों ने परीक्षण के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। चिकित्सकों के अनुसार प्रारंभिक तौर पर हृदयगति रुकने को मौत का कारण बताया गया।
घटना की सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष गंगादास गौतम ने उच्चाधिकारियों एवं परिजनों को अवगत कराया। मंगलवार सुबह विधिक प्रक्रिया के तहत दरोगा के शव का पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस विभाग द्वारा पूरे सम्मान के साथ उन्हें अंतिम विदाई दी गई। जनपद कन्नौज पुलिस की ओर से सलामी देकर उनका अंतिम संस्कार किया गया।
स्वर्गीय अशोक कुमार दिसंबर 2023 में बेला थाने में तैनात हुए थे। बाद में जून 2025 में उनका स्थानांतरण आरटीसी फतेहगढ़ कर दिया गया था। होली पर्व के अवसर पर वह अवकाश लेकर सोमवार दोपहर ही बेला थाना पहुंचे थे, जहां कुछ ही घंटों बाद यह दुखद घटना घट गई।
परिवार में उनकी पत्नी अर्चना के अलावा एक पुत्र आयुष उर्फ भोलू (24) और पुत्री आयुषी उर्फ हंसी (22) हैं। पुत्र आयुष नई दिल्ली में रहकर यूपीएससी की तैयारी कर रहा है, जबकि पुत्री आयुषी मेट यूनिवर्सिटी के गर्ल्स हॉस्टल में रहकर उच्च शिक्षा ग्रहण कर रही है। पिता के असामयिक निधन से दोनों बच्चों सहित पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
अशोक कुमार अपने शांत स्वभाव, कर्तव्यनिष्ठा और मिलनसार व्यवहार के लिए जाने जाते थे। उनके आकस्मिक निधन से न केवल परिवार बल्कि पुलिस महकमे को भी अपूरणीय क्षति हुई है। सहकर्मियों और अधिकारियों ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति की प्रार्थना की है।


