ढाका। बांग्लादेश में नई राजनीतिक पारी की शुरुआत होने जा रही है। 17 फरवरी को तारिक रहमान प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे। हालिया आम चुनाव में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) ने भारी बहुमत हासिल किया है। यह चुनाव 12 फरवरी को संपन्न हुआ था और इसे शेख हसीना सरकार के तख्तापलट के बाद पहला आम चुनाव माना जा रहा है। शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन संसद परिसर के साउथ प्लाजा में किया जाएगा, जिसकी व्यवस्था अंतरिम सरकार की ओर से की जा रही है।
अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मुहम्मद यूनुस ने इस अवसर पर भारत सहित 13 देशों के नेताओं को आमंत्रण भेजा है। राजनयिक सूत्रों के अनुसार आमंत्रित देशों में भारत, चीन, पाकिस्तान, सऊदी अरब, तुर्की, संयुक्त अरब अमीरात, कतर, मलेशिया, ब्रुनेई, श्रीलंका, नेपाल, मालदीव और भूटान शामिल हैं। इसे क्षेत्रीय कूटनीति के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
बीएनपी ने चुनावी जीत के बाद भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा भेजे गए बधाई संदेश के लिए आभार व्यक्त किया है। सोशल मीडिया मंच एक्स पर पार्टी ने कहा कि वह आपसी सम्मान और क्षेत्रीय शांति के आधार पर भारत के साथ संबंधों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रधानमंत्री मोदी ने भी तारिक रहमान को जीत पर शुभकामनाएं देते हुए दोनों देशों के रिश्तों को और मजबूत बनाने की आशा जताई थी।
राजनीतिक समीकरणों की बात करें तो इस चुनाव में जमात-ए-इस्लामी मुख्य विपक्षी दल के रूप में उभरी है। नई सरकार के गठन के साथ ही देश की आंतरिक और क्षेत्रीय राजनीति में नए समीकरण बनने की संभावना है।
हालांकि शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति पर संशय बना हुआ है। बताया जा रहा है कि उसी समय फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों भारत दौरे पर रहेंगे, जिसके चलते प्रधानमंत्री का कार्यक्रम व्यस्त रह सकता है। ऐसे में भारत की ओर से किसी अन्य वरिष्ठ प्रतिनिधि के समारोह में शामिल होने की संभावना जताई जा रही है।






