फर्रुखाबाद। जनपद पुलिस में भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए पुलिस अधीक्षक आरती सिंह ने बड़ी कार्रवाई की है। कायमगंज कोतवाली के हल्का नंबर दो में तैनात दरोगा जगदीश वर्मा को शराब की अवैध मांग के मामले में तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया गया है। यह कार्रवाई उनकी कथित ऑडियो वायरल होने के बाद की गई, जिसमें वह एक ठेका संचालक से देशी शराब के 20 क्वार्टर मांगते सुनाई दे रहे हैं। इस समाचार को यूथ इंडिया समाचार पत्र में प्रमुखता से प्रकाशित किया गया था। जिस पर एसपी आरती सिंह ने कड़ा एक्शन लिया है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए एसपी आरती सिंह ने बिना देर किए संबंधित दरोगा के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की। एसपी के पीआरओ धर्मेंद्र ने पुष्टि करते हुए बताया कि प्रथम दृष्टया मामला संज्ञान में आते ही दरोगा को लाइन हाजिर कर विभागीय जांच के आदेश दे दिए गए हैं।
बताया जाता है कि दरोगा जगदीश वर्मा ने कथित रूप से मोबाइल फोन पर एक व्यक्ति पर दबाव बनाते हुए कहा था कि उसे “गुड वर्क” दिखाने के लिए शराब के 20 क्वार्टर की आवश्यकता है। ऑडियो के सार्वजनिक होने से पुलिस विभाग की छवि पर प्रश्नचिह्न लगने लगे थे। हालांकि पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट कर दिया है कि जनपद में किसी भी प्रकार की भ्रष्ट गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
सूत्रों के अनुसार, संबंधित ऑडियो में दरोगा द्वारा दबाव की भाषा का प्रयोग किया गया था। मामले के प्रकाश में आने के बाद स्थानीय नागरिकों और सामाजिक संगठनों ने एसपी से सख्त कार्रवाई की मांग की थी। एसपी आरती सिंह ने जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरते हुए तत्काल कार्रवाई कर यह संदेश दिया है कि विभाग में पारदर्शिता और ईमानदारी सर्वोपरि है।
गौरतलब है कि आरती सिंह के नेतृत्व में जनपद पुलिस में अनुशासन और जवाबदेही को लेकर लगातार कदम उठाए जा रहे हैं। पूर्व में भी कई मामलों में लापरवाही या अनियमितता पाए जाने पर संबंधित कर्मियों पर कार्रवाई की जा चुकी है।
इस त्वरित कार्रवाई से साफ संकेत गया है कि जिले में “जीरो टॉलरेंस” की नीति केवल कागजों तक सीमित नहीं है, बल्कि उसे जमीन पर लागू भी किया जा रहा है। विभागीय जांच पूरी होने के बाद आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।
जनपदवासियों ने एसपी की इस पहल की सराहना करते हुए उम्मीद जताई है कि भविष्य में भी भ्रष्टाचार के विरुद्ध इसी तरह की कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।


