– हजारों समर्थकों से गूंज उठा शहर, अखिलेश यादव बोले—कन्नौज मेरा घर
कन्नौज: इत्र की धरती Kannauj पर शुक्रवार को अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) का हमेशा की तरह ऐतिहासिक और अभूतपूर्व स्वागत देखने को मिला। कड़ाके की ठंड के बावजूद उत्साह में कोई कमी नहीं दिखी। सैकड़ों नहीं बल्कि हजारों की संख्या में समर्थक सड़कों पर उतर आए और जगह-जगह उनके काफिले को रोककर फूल-मालाओं से लाद दिया।
समर्थकों के जोश और अपनत्व से गदगद अखिलेश यादव ने कहा कि कन्नौज से उनका पुराना और आत्मीय रिश्ता है। यहां का हर व्यक्ति उन्हें अपने परिवार जैसा लगता है। उन्होंने भावुक होते हुए कहा—“कन्नौज मेरा घर है। इस पावन भूमि को मैं शत-शत प्रणाम करता हूं।” सुबह से ही कन्नौज की सड़कों पर समाजवादी झंडों और नारों की गूंज सुनाई देने लगी। जैसे ही अखिलेश यादव का काफिला शहर में दाखिल हुआ, जनसैलाब उमड़ पड़ा। समर्थकों ने फूल बरसाए, मालाएं पहनाईं और ‘अखिलेश यादव जिंदाबाद’ के नारों से माहौल पूरी तरह समाजवादी रंग में रंग गया।
कई कार्यक्रमों में की शिरकत
कन्नौज प्रवास के दौरान अखिलेश यादव ने कई सामाजिक और राजनीतिक कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। हर कार्यक्रम में भारी भीड़ उमड़ी और लोगों ने उन्हें खुलकर समर्थन दिया। कार्यकर्ताओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। अखिलेश यादव का यह दौरा केवल औपचारिक नहीं रहा, बल्कि इसने साफ संकेत दे दिया कि कन्नौज आज भी समाजवादी राजनीति का मजबूत गढ़ है। समर्थकों की भारी मौजूदगी ने आगामी राजनीतिक हलचलों के लिए माहौल तैयार कर दिया है।कुल मिलाकर, कन्नौज की धरती पर अखिलेश यादव का यह स्वागत जनसमर्थन, भावनात्मक जुड़ाव और राजनीतिक ताकत का स्पष्ट प्रदर्शन बनकर सामने आया।


