17 C
Lucknow
Monday, February 9, 2026

माफिया तंत्र के दबाव में झूठी रिपोर्ट प्रेषित किए जाने, एल.आई.यू. द्वारा बिना जांच तथ्यहीन सूचना देने तथा जानबूझकर परिवार की गलत स्थिति दर्शाने के संबंध में जांच एवं कार्रवाई हेतु।

Must read

सेवा में,
जिलाधिकारी महोदय,
फर्रुखाबाद।
प्रतिलिपि :पुलिस अधीक्षक
फर्रुखाबाद।
विषय : माफिया तंत्र के दबाव में झूठी रिपोर्ट प्रेषित किए जाने, एल.आई.यू. द्वारा बिना जांच तथ्यहीन सूचना देने तथा जानबूझकर परिवार की गलत स्थिति दर्शाने के संबंध में जांच एवं कार्रवाई हेतु।
महोदय,
सविनय निवेदन है कि मैं जनपद फर्रुखाबाद का मूल निवासी, एवं ई-417,मोटीझील ऐशबाग, लखनऊ का हाल निवासी हूँ,और जनपद फर्रुखाबाद से प्रकाशित एकमात्र दैनिक सांध्य अखबार यूथ इंडिया व लखनऊ से प्रकाशित दैनिक यूथ इंडिया का प्रधान संपादक और प्रकाशक हूँ,के नाते लगातार जनहित एवं माफिया तंत्र के विरुद्ध आवाज उठाता रहा हूँ। इसी कारण पूर्व में जिला प्रशासन द्वारा यह स्वयं स्वीकार किया गया था कि मुझे माफिया तत्वों से जान का खतरा है तथा सुरक्षा की आवश्यकता है।

परंतु अत्यंत खेद के साथ कहना पड़ रहा है कि बाद में एक मंत्री एवं उनके करीबी एक एमएलसी के दबाव में मेरी सुरक्षा हटवा दी गई और उसके पश्चात शासन व उच्च अधिकारियों को लगातार भ्रामक एवं असत्य रिपोर्टें भेजी जा रही हैं।
महोदय, स्थिति यहां तक पहुंच गई है कि अलग-अलग रिपोर्टों में परस्पर विरोधी तथ्य दर्शाए गए—
एक रिपोर्ट में लिखा गया कि मेरा परिवार लखनऊ में निवास करता है।

दूसरी रिपोर्ट में बताया गया कि परिवार फर्रुखाबाद में रहता है। सबसे गंभीर और अमानवीय तथ्य यह है कि एक रिपोर्ट में मेरी माता श्रीमती निर्मला कटियार जी को मृत तक दर्शा दिया गया, जबकि मेरी माता जी पूर्णतः स्वस्थ हैं, जीवित हैं और वो भोपत पट्टी फर्रुखाबाद में ही अपने घर पर निवास कर रही हैं। तीन माह पूर्व उनको देखने के लिए अस्पताल में जिला के प्रभारी मंत्री और उत्तर प्रदेश सरकार के पर्यटन मंत्री श्री जयवीर सिंह जी, सांसद श्री मुकेश राजपूत और अन्य नेताओं सहित लीला अस्पताल में देखने भी गए थे।पिता जी श्री सुधीर मोहन जी एडवोकेट का देहांत जनवरी 2010 मे हो चुका है।
यह न केवल प्रशासनिक लापरवाही है, बल्कि जानबूझकर तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर प्रस्तुत करने का गंभीर अपराध भी है। एल.आई.यू. द्वारा बिना किसी स्थलीय जांच, बिना परिवार से संपर्क किए, मनगढ़ंत रिपोर्ट प्रेस एवं शासन को प्रेषित की गई, जिससे मेरी सामाजिक प्रतिष्ठा, सुरक्षा और जीवन को खतरे में डाला गया।

महोदय, यह स्पष्ट प्रतीत होता है कि माफिया तंत्र के दबाव में कुछ नेताओं को प्रसन्न करने और मुझे व परिवार को समूल ख़त्म करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन एवं खुफिया तंत्र द्वारा सरकार और उच्च अधिकारियों को गुमराह किया जा रहा है।मैं स्पष्ट करना चाहता हूँ कि मैं न डरूंगा, न सच बोलना बंद करूंगा। मैं अपनी माता जी जिन्हें आपकी खुफिया पुलिस की रिपोर्ट में मृत घोषित किया गया है उनका नाम श्रीमती निर्मला देवी कटियार पत्नी स्वर्गीय सुधीर मोहन कटियार एडवोकेट निवासी भूपतपट्टी थाना कादरी गेट जनपद फर्रुखाबाद है,को समाज और प्रशासन के समक्ष स्वयं प्रस्तुत करूंगा। साथ ही जिला सुरक्षा समिति फर्रुखाबाद की पूर्व प्रेषित खुफिया पुलिस ( स्थानीय अभिसूचना इकाई फतेहगढ़ )एलआईयू की रिपोर्ट जिसमें दर्शाया गया कि मैं परिवार सहित लखनऊ निवास करने लगा हूं जनपद में कभी कभार ही आता हूं, जबकि ऐसा नहीं, मेरी वेब ऑफसेट प्रेस फर्रुखाबाद में स्थापित है,और मेरी इकलौती बेटी सारा आवास विकास स्थित दिल्ली पब्लिक स्कूल में कक्षा 4 की छात्रा के रूप में अध्यनरत है, उसकी भी सुरक्षा को गंभीर खतरा है।

यह रिपोर्ट भी शासन प्रशासन और जनता के बीच सामने लाएंगे, क्योंकि मुझे पता है योगी सरकार में न्याय मिलना संभव नहीं क्योंकि मैं वर्तमान उत्तर प्रदेश सरकार की नजर में पिछड़ी जाति का पत्रकार हूं। लेकिन आम जन पूरे सत्य से जरूर रु- बरु रहे, ताकि मेरी संदिग्ध मौत के बाद वर्तमान व्यवस्था पर सवाल उठते रहें लोग जानते रहे की समाज में जाति और धर्म ज्यादा ही हावी है।मुझे यकीन है कि आप सबके इन सार्थक प्रयासों से अति शीघ्र मेरी और परिवार की हत्या होना शीघ्र संभव है, अथवा पूर्व की भांति झूठे मुक़दमों में फसना तो तय ही है।

यदि कोई वारदात होती है तो जनपद फर्रुखाबाद के जिम्मेदार अधिकारी सहित प्रमुख रूप से एक प्रांतीय स्तर बीजेपी संगठन के उच्च पदस्थ उत्तर प्रदेश विधान परिषद सदस्य /विधायक और उनके अति करीबी एक मेरे सजातीय कैबिनेट मंत्री उत्तर प्रदेश सरकार जिम्मेदार होंगे,क्योंकि इन दोनों नेताओं के प्रयासों से ही जिला प्रशासन से शासन को संस्तुति भेजे जाने के उपरांत भी उत्तर प्रदेश शासन लखनऊ के गृह विभाग अनुवाग -16 से षड्यंत्र के तहत मेरी सुरक्षा हटाई गई और जीवन भय से सुरक्षार्थ मुझे प्रदत्त रिवाल्वर का लाइसेंस का आज तक नवीनीकरण नहीं होने दिया गया, ताकि मेरी सहायता से हत्या कराई जा सके जिसका लाभ राजनीतिक रूप से सत्तारुण दल और कुछ उच्च वर्गीय प्रतिनिधि उठा सकें।

अतः एल.आई.यू. एवं संबंधित अधिकारियों द्वारा भेजी गई समस्त रिपोर्टों की निष्पक्ष पुर्नजांच एवं पूर्व में की गई बिना तथ्यात्मक जांच, झूठी एवं तथ्यहीन रिपोर्ट प्रेषित करने वाले एलआईयू(खुफिया पुलिस) कर्मियों की पहचान कर दंडात्मक कार्यवाही की जनहित मे महती आवस्यकता है।

माफिया तंत्र से सांठगांठ कर झूठी रिपोर्ट भेजने वालों पर कड़ी विभागीय व कानूनी कार्रवाई की जाए। मेरी सुरक्षा से संबंधित मामले की पुनः निष्पक्ष समीक्षा कर उचित निर्णय लिया जाए, (हालांकि, मुझे उत्तर प्रदेश शासन प्रशासन की अब दया स्वरुप सुरक्षा की जरूरत होने के उपरांत भी आवश्यकता नहीं है, कई बार जानलेवा हमला होने के उपरांत भी मैंने पुलिस में भी जानकारी देने की जरूरत महसूस नहीं की,क्योंकि कोई गंभीरता पूर्वक कार्यवाही पूर्व मे नहीं की गई, और उम्मीद भी नहीं है कुछ हुआ भी तो सूचना देना भी नहीं चाहेंगे, बल्कि शीघ्र घोर गुंडाराज हावी होने के कारण उत्तर प्रदेश ही छोडेंगे)संबंधित जांच अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए ताकि उनका माफिया तंत्र से जोड़-तोड़ सामने आ सके। आशा है कि आप मामले की गंभीरता को देखते हुए शीघ्र न्यायोचित कार्रवाई करेंगे।

भवदीय

नाम : शरद कटियार
पता : मूल निवासी, भोपतपट्टी, नवीन मंडी रोड, थाना कादरी गेट, जिला, फर्रुखाबाद।
हाल निवासी, ई-417-मोतीझील, ऐशबाग, लखनऊ।
मोबाइल : 9839411978
दिनांक : 09,02,2026

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article