फर्रुखाबाद
फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र से एक सनसनीखेज और गंभीर मामला सामने आया है, जिसने क्षेत्र में दहशत और आक्रोश का माहौल पैदा कर दिया है। यहां एक 14 वर्षीय नाबालिग किशोरी को बहला-फुसलाकर ले जाने और उस पर जबरन शादी का दबाव बनाने का आरोप लगा है। हैरानी की बात यह है कि इस पूरे मामले में पीड़िता की मां की भूमिका भी संदिग्ध बताई जा रही है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई कर मां समेत दो आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, राजन नगला भोलेपुर निवासी सलोनी ने कोतवाली फतेहगढ़ में तहरीर देकर बताया कि बीते 12 मार्च को उनकी मां लक्ष्मी देवी उनकी 14 वर्षीय नाबालिग बहन को बहाने से फर्रुखाबाद बस अड्डे ले गईं। वहां पहले से मौजूद एक युवक से उसकी मुलाकात कराई गई। आरोप है कि यह पूरी घटना पूर्व नियोजित साजिश के तहत अंजाम दी गई।
शिकायत में बताया गया कि बस अड्डे पर शाहजहांपुर जिले के सरैयां गांव निवासी लगभग 26 वर्षीय रामदेव उर्फ भूरा पहले से मौजूद था। मां लक्ष्मी देवी अपनी बेटी को वहीं छोड़कर वापस लौट आईं, जिसके बाद आरोपी युवक नाबालिग को अपने साथ बहला-फुसलाकर ले गया। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी ने उसे अपने घर में रखकर लगातार शादी करने का दबाव बनाया और विरोध करने पर उसे धमकाया गया।
इतना ही नहीं, पीड़िता ने अपनी मां पर भी गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने भी आरोपी का साथ दिया और उसे जबरन उसके साथ रहने तथा अनुचित संबंध बनाने के लिए उकसाया। किसी तरह पीड़िता ने फोन के माध्यम से अपनी बहन सलोनी को पूरी घटना की जानकारी दी, जिसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा।
सूचना मिलते ही कोतवाली फतेहगढ़ पुलिस सक्रिय हुई और मामले में आरोपी रामदेव उर्फ भूरा तथा लक्ष्मी देवी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) 2023 की धारा 61(2), 137(2) और 87 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी गई है,


