फतेहगढ़ कोतवाली क्षेत्र का मामला, शव घर पर रखकर कार्रवाई की मांग पर अड़े परिजन
फर्रुखाबाद: कोतवाली क्षेत्र के पुलमंडी स्थित काशीराम कॉलोनी में रविवार को विवाद के दौरान समधी की पिटाई से 70 वर्षीय वृद्ध (Elderly man dies) आशाराम की मौत हो गई। घटना से गुस्साए परिजनों ने आरोप लगाया कि सूचना देने के बावजूद police करीब तीन घंटे बाद मौके पर पहुंची। परिजन शव को घर पर रखकर हमलावर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे।
मृतक आशाराम के पुत्र गोपाल ने बताया कि उनकी बहन पूजा की शादी सात वर्ष पूर्व होमगार्ड ऑफिस निवासी ब्रजेश से हुई थी। विवाह के बाद से ही ब्रजेश पत्नी से मारपीट करता था, जिसके चलते पूजा मायके में ही रहने लगी थी। रविवार को ब्रजेश की बहन प्रीति के घर बच्चे का जन्मदिन था। इसी कार्यक्रम में जाने के लिए ससुर संतोष पूजा को मायके से बुलाने पहुंचा।
पूजा ने बच्चों के कपड़े न होने की बात कही तो विवाद शुरू हो गया। आरोप है कि विवाद के दौरान संतोष गाली-गलौज करने लगा और जब आशाराम ने बेटी से अभद्रता करने से रोका तो संतोष ने उनकी पिटाई शुरू कर दी। बीच-बचाव के बावजूद वह मारपीट करता रहा। घायल आशाराम को परिजन लोहिया अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
परिजनों का कहना है कि घटना की सूचना दोपहर करीब दो बजे थाने में दी गई थी, लेकिन पुलिस करीब तीन घंटे बाद शाम 5 बजे मौके पर पहुंची। पुलिस की लापरवाही से गुस्साए परिजनों ने रोष जताया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।


