योल (कांगड़ा)| दुबई में एयर शो के दौरान तेजस विमान दुर्घटनाग्रस्त होने से शहीद हुए भारतीय वायुसेना के पायलट विंग कमांडर नमांश स्याल का पार्थिव शरीर रविवार को एयरफोर्स के विशेष विमान से हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा पहुंचा। कांगड़ा एयरपोर्ट पर उनकी पत्नी विंग कमांडर अफशां, एयरफोर्स की वर्दी में पति की पार्थिव देह के साथ उतरीं। सात वर्षीय बेटी भी मां के साथ थी। एयरपोर्ट पर शहीद के परिजनों को देख माहौल बेहद भावुक हो गया। उनकी मां वीना देवी रोते हुए बाहर आईं, जिन्हें अधिकारियों ने संभाला। पिता जगन्नाथ स्याल भी अपने आंसू नहीं रोक सके।
पार्थिव शरीर को एयरपोर्ट से उनके पैतृक गांव पटियालकड़ ले जाया गया, जहां मोक्षधाम में सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा। नमांश का कोई सगा भाई नहीं था, इसलिए अंतिम संस्कार में मुखाग्नि उनके चचेरे भाई द्वारा दी जाएगी। परिवार के अनुसार, शहीद की सात वर्षीय बेटी इन दिनों दादा-दादी के पास रह रही थी। नमांश की पोस्टिंग कोयंबटूर के सैलूर में थी, जबकि उनकी पत्नी अफशां एयरफोर्स में पायलट हैं और इन दिनों कोलकाता में प्रशिक्षण पर थीं।
रविवार सुबह करीब नौ बजे कोयंबटूर से एयरफोर्स के विशेष विमान में पार्थिव शरीर भेजा गया, जिसके बाद दिल्ली से गगल एयरपोर्ट के लिए उड़ान भरी गई। शनिवार को इंटरनेट मीडिया पर एक वीडियो भी सामने आया, जिसमें नमांश स्याल एयर शो से पहले तेजस विमान की ओर जाते हुए दिखाई दे रहे थे।
एसडीएम नगरोटा बगवां मुनीष शर्मा पटियालकड़ पहुंचे और अंतिम संस्कार की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने पुलिस और प्रशासन को सभी आवश्यक इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। शहीद नमांश स्याल की शहादत से क्षेत्र में शोक की लहर है और बड़ी संख्या में लोग अंतिम दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं।






