ऋषिकेश में दीपावली के अवसर पर आयोजित दीपावली मेला में हुए रैंप वॉक को लेकर स्थानीय हिंदुवादी संगठनों ने जमकर हंगामा किया। जानकारी के अनुसार, यह रैंप वॉक स्थानीय युवा क्लब द्वारा आयोजित किया गया था, जिसमें कई युवतियों ने हिस्सा लिया और फैशन शो के तौर पर विभिन्न ड्रेसों में प्रदर्शन किया।
हालांकि, हिंदुवादी संगठनों ने युवतियों द्वारा पहने गए कपड़ों को कथित रूप से अश्लील बताते हुए आयोजकों पर कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि इस तरह के आयोजन सांस्कृतिक और पारंपरिक मूल्यों के खिलाफ हैं और स्थानीय समाज में अश्लीलता को बढ़ावा देते हैं।
हंगामे के दौरान संगठनों के कार्यकर्ताओं ने आयोजक क्लब के खिलाफ कानूनी कार्रवाई और भविष्य में ऐसे आयोजनों पर रोक लगाने की मांग की। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी को सांस्कृतिक मूल्यों के अनुसार दिशा देने की आवश्यकता है और ऐसे आयोजन समाज में गलत संदेश फैलाते हैं।
इस पर आयोजक क्लब ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि यह रैंप वॉक सांस्कृतिक और रचनात्मक गतिविधि थी और इसमें किसी भी प्रकार की अश्लीलता को बढ़ावा देने का उद्देश्य नहीं था। क्लब के प्रतिनिधियों ने यह भी बताया कि सभी प्रतिभागियों के कपड़ों का चयन उचित और पारंपरिक सीमाओं के भीतर किया गया था।
पुलिस और प्रशासन ने हंगामे को देखते हुए स्थानीय सुरक्षा बढ़ा दी और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए दोनों पक्षों से संयम बरतने का अनुरोध किया। स्थानीय अधिकारियों ने कहा कि भविष्य में आयोजनों में सामाजिक और सांस्कृतिक दृष्टिकोणों का संतुलन बनाए रखना आवश्यक होगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामले अक्सर सांस्कृतिक संवेदनशीलता और आधुनिक फैशन गतिविधियों के टकराव से उत्पन्न होते हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि आयोजकों को सामाजिक परंपराओं का सम्मान करते हुए कार्यक्रम आयोजित करने चाहिए और स्थानीय समुदाय को पूर्व सूचना दी जाए ताकि विवाद से बचा जा सके।





