लखनऊ। प्रदेश में कमर्शियल गैस सिलेंडर की कमी का असर अब शादी-समारोह और होटल-रेस्टोरेंट कारोबार पर भी पड़ने लगा है। जानकारी के अनुसार गैस आपूर्ति बाधित होने से करीब 50 हजार शादियों में खाने की व्यवस्था पर संकट खड़ा हो गया है, जबकि हजारों होटल और रेस्टोरेंट बंद होने की कगार पर पहुंच गए हैं।
कैटरिंग और होटल कारोबार से जुड़े लोगों का कहना है कि कमर्शियल गैस सिलेंडर समय पर उपलब्ध नहीं हो पा रहे हैं। इसके कारण बड़े पैमाने पर होने वाले विवाह समारोहों में खाना बनाना मुश्किल हो रहा है।
भट्ठी जलाने पर भी कार्रवाई का डर
व्यवसायियों के अनुसार कई जगह गैस उपलब्ध न होने पर लकड़ी या कोयले की भट्ठी जलाकर खाना बनाने की कोशिश की जा रही है, लेकिन इस पर प्रशासन की ओर से लगभग 10 हजार रुपये तक जुर्माना लगाने की चेतावनी दी जा रही है। इससे कैटरिंग कारोबारियों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं।
होटल और रेस्टोरेंट पर असर
गैस की कमी का सबसे ज्यादा असर होटल और रेस्टोरेंट उद्योग पर पड़ रहा है। कई छोटे होटल और ढाबे गैस न मिलने के कारण आंशिक रूप से बंद हो चुके हैं, जबकि कुछ व्यवसायियों का कहना है कि यदि जल्द स्थिति सामान्य नहीं हुई तो उन्हें पूरी तरह कारोबार बंद करना पड़ सकता है।
प्रशासन का दावा – पर्याप्त आपूर्ति
हालांकि प्रशासन का कहना है कि प्रदेश में गैस की पर्याप्त आपूर्ति उपलब्ध है और वितरण व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए लगातार निरीक्षण और छापेमारी की जा रही है। अधिकारियों ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है।
फिलहाल गैस की कमी को लेकर बाजार और आम लोगों में चिंता बनी हुई है, खासकर ऐसे समय में जब विवाह समारोहों का सीजन चल रहा है।


