फर्रुखाबाद| पुलिस उपनिरीक्षक नागरिक पुलिस भर्ती परीक्षा के दूसरे दिन रविवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच परीक्षा संपन्न कराई गई। जिले में इस परीक्षा के लिए कुल 19 केंद्र बनाए गए हैं, जहां सुबह से ही अभ्यर्थियों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए प्रत्येक केंद्र पर पुलिस बल की तैनाती की गई थी और अभ्यर्थियों को सघन जांच के बाद ही प्रवेश दिया गया।
रविवार को परीक्षा देने के लिए अभ्यर्थी शनिवार रात से ही जिले में पहुंचने लगे थे। ललितपुर, झांसी, आगरा, मथुरा, कानपुर नगर, कानपुर देहात और मैनपुरी सहित कई अन्य जिलों से बड़ी संख्या में अभ्यर्थी फर्रुखाबाद पहुंचे। कई अभ्यर्थियों को देर रात पहुंचने के कारण ठहरने की व्यवस्था नहीं मिल सकी, जिसके चलते उन्होंने रोडवेज बस स्टैंड और आसपास के स्थानों पर ही रात गुजारी। सुबह होते ही सभी अभ्यर्थी अपने-अपने परीक्षा केंद्रों की ओर रवाना हो गए।
सुबह करीब 7 बजे से ही परीक्षा केंद्रों के बाहर अभ्यर्थियों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मी भी सुबह जल्दी ही अपने-अपने केंद्रों पर पहुंच गए थे। सुबह 8 बजे से अभ्यर्थियों को केंद्रों में प्रवेश देने की प्रक्रिया शुरू की गई। प्रवेश से पहले सभी अभ्यर्थियों को लाइन में खड़ा कर मेटल डिटेक्टर से सघन जांच की गई। इसके बाद अंदर बायोमेट्रिक सत्यापन और अन्य औपचारिकताएं पूरी कराई गईं। अभ्यर्थियों को सुबह 9 बजे तक ही परीक्षा केंद्रों में प्रवेश दिया गया। परीक्षा सुबह 10 बजे से शुरू होकर दोपहर 12 बजे तक चली।
इसी दौरान ललितपुर से परीक्षा देने आए अभ्यर्थी सत्यम मिश्रा उस समय चर्चा का विषय बन गए जब जांच के दौरान उनके कान में बाली पाई गई। सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें बाली उतारने के लिए कहा, जिसके बाद वह केंद्र के बाहर आ गए और उसे निकालने का प्रयास करने लगे। कई बार प्रयास करने के बावजूद बाली नहीं निकल पाई। इस दौरान वहां मौजूद एक महिला अभ्यर्थी और एक अन्य महिला ने भी उनकी मदद की, लेकिन बाली नहीं उतर सकी। बाद में एक पुलिसकर्मी ने भी बाली निकालने का प्रयास किया।
जब काफी देर तक बाली नहीं निकल पाई तो अभ्यर्थी ने मौके पर मौजूद क्षेत्राधिकारी (सीओ) से बात कर बताया कि मध्य प्रदेश में परीक्षा देते समय भी उनकी बाली नहीं उतर पाई थी और उस समय कान पर टेप लगाकर परीक्षा देने की अनुमति दे दी गई थी। उन्होंने यहां भी कान पर टेप लगाने की अनुमति देने का अनुरोध किया। हालांकि सीओ ने नियमों का हवाला देते हुए कहा कि जब उन्हें पहले से पता था कि बाली पहनकर परीक्षा केंद्र के अंदर प्रवेश नहीं मिल सकता, तो फिर वह बाली पहनकर क्यों आए।
काफी देर की मशक्कत के बाद ड्यूटी पर तैनात एक उपनिरीक्षक ने सावधानीपूर्वक अभ्यर्थी की बाली निकाल दी। इसके बाद अभ्यर्थी को परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति दी गई और वह परीक्षा में शामिल हो सका। परीक्षा के दौरान सभी केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह चाक-चौबंद रही और शांतिपूर्ण तरीके से परीक्षा संपन्न कराई गई।
उपनिरीक्षक भर्ती परीक्षा में कड़ी सुरक्षा, चेकिंग के दौरान पुरुष अभ्यर्थी की कान की बाली उतरवाई गई


