लखनऊ: समाजवादी पार्टी (SP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने स्वामी विवेकानंद (Swami Vivekananda) की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि स्वामी विवेकानंद का नाम ही एक शाश्वत संदेश है। उन्होंने कहा कि ज्ञान के माध्यम से परमानंद की अवस्था तक पहुंचना स्वामी विवेकानंद के जीवन दर्शन का सार है, और यही मानवता को आंतरिक स्वतंत्रता की ओर ले जाता है।
सोमवार को अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर पोस्ट करते हुए यादव ने कहा कि ज्ञान केवल बाहरी ज्ञान नहीं है, बल्कि अंतरात्मा में जागृत होने वाली चेतना है। यह तभी संभव है जब व्यक्ति दूसरों के विचारों का मानसिक दास न बने और सत्य और असत्य के बीच अपने स्वयं के विवेक के आधार पर निर्णय ले। एसपी अध्यक्ष ने कहा कि स्वामी विवेकानंद का संदेश लोगों को स्वयं सोचने और समझने के लिए प्रेरित करता है, ताकि समाज बाहरी दिखावे, छल-कपट और शब्दों के जाल के पीछे छिपे पाखंड, छल, स्वार्थ और बड़े झूठ को पहचान सके।
उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद की मानवता के प्रति करुणा और विश्व के लिए भाईचारे का उनका संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना पहले था। इस अवसर पर उन्होंने कामना की कि उनका मार्गदर्शन समाज में और भी अधिक फलदायी हो। अखिलेश यादव ने अपील की कि बाह्य ज्ञान को नहीं, बल्कि आंतरिक ज्ञान और समझ को जीवन का मार्गदर्शक बनाया जाए और अधिक से अधिक लोग ज्ञानी बनें।


