37 C
Lucknow
Wednesday, March 11, 2026

असफलता : कायमगंज में ट्रिपल मर्डर और लूट का अब तक नहीं हुआ खुलासा

Must read

खाकी की हनक जमाने में कोतवाल मदन मोहन चतुर्वेदी नाकाम

फर्रुखाबाद। कायमगंज कोतवाली क्षेत्र में 26 और 27 फरवरी को हुई तीन सनसनीखेज हत्याओं और लूट की वारदात का अब तक खुलासा नहीं हो सका है। 24 घंटे के भीतर बुजुर्ग दंपति की हत्या और घर में लूट की घटना तथा अगले ही दिन एक अज्ञात युवती का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई थी। लेकिन घटना को काफी समय बीत जाने के बावजूद पुलिस किसी नतीजे तक नहीं पहुंच सकी है, जिससे पुलिस की कार्यशैली और सक्रियता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
गौरतलब है कि 26 फरवरी को कायमगंज के मोहल्ला कूंचा दरवाजा निवासी बुजुर्ग परसोत्तम कौशल और उनकी पत्नी पुष्पा की दिनदहाड़े उनके ही घर में गला दबाकर हत्या कर दी गई थी। वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश घर में रखी नकदी और कीमती सामान लूटकर फरार हो गए थे। इस दोहरे हत्याकांड और लूट की घटना से पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया था।
इसके अगले ही दिन 27 फरवरी की सुबह कायमगंज रेलवे स्टेशन के पास आम के एक बाग में एक अज्ञात युवती का शव बरामद हुआ था। पुलिस की प्रारंभिक जांच में युवती की भी गला दबाकर हत्या किए जाने की आशंका जताई गई थी। लगातार हुई इन तीन हत्याओं ने कायमगंज क्षेत्र में कानून व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए थे।
घटना की गंभीरता को देखते हुए उस समय कानपुर जोन के डीआईजी हरीश चन्दर स्वयं कायमगंज पहुंचे थे और घटनास्थल का निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों को जल्द से जल्द हत्याकांड का खुलासा करने के निर्देश दिए थे। हत्यारों की गिरफ्तारी के लिए पांच पुलिस टीमें भी गठित की गई थीं और अन्य थानों के अधिकारियों को भी जांच में लगाया गया था।
लेकिन तमाम दावों और प्रयासों के बावजूद आज तक न तो बुजुर्ग दंपति हत्याकांड और लूट की घटना का खुलासा हो सका है और न ही आम के बाग में मिली युवती की पहचान हो पाई है। इससे साफ झलकता है कि पुलिस की जांच अब ठंडे बस्ते में जाती दिखाई दे रही है।
क्षेत्र में चर्चा है कि खाकी की हनक जमाने और प्रभावी पुलसिंग करने में कायमगंज कोतवाल मदन मोहन चतुर्वेदी अब तक असफल साबित हुए हैं। इतनी बड़ी वारदात के बाद भी नतीजा सामने न आना पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहा है। लोगों का कहना है कि जब 24 घंटे के भीतर तीन-तीन हत्याओं और लूट जैसी बड़ी घटनाओं का खुलासा नहीं हो पा रहा है, तो इससे आम जनता का भरोसा पुलिस पर कमजोर पड़ना स्वाभाविक है।
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच में तेजी लाई जाए और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय कर जल्द से जल्द हत्यारों को गिरफ्तार किया जाए, ताकि क्षेत्र में कानून व्यवस्था पर लोगों का विश्वास फिर से कायम हो सके।

Must read

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest article