नाश्ता शरीर के लिए ईंधन, इसे नजरअंदाज करना सेहत के लिए खतरा
यूथ इंडिया
आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में बहुत से लोग सुबह की जल्दी और काम के दबाव के कारण नाश्ता करना छोड़ देते हैं। कई लोग यह सोचते हैं कि नाश्ता न करने से समय बच जाएगा या वजन कम होगा, लेकिन स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि यह आदत शरीर के लिए नुकसानदायक हो सकती है।
डॉक्टरों के अनुसार सुबह का नाश्ता दिन का सबसे महत्वपूर्ण भोजन माना जाता है। रात भर के लंबे अंतराल के बाद जब हम सुबह उठते हैं तो शरीर को ऊर्जा की जरूरत होती है। ऐसे में पौष्टिक नाश्ता शरीर को जरूरी ऊर्जा देता है और पूरे दिन काम करने की क्षमता बढ़ाता है। यदि कोई व्यक्ति नियमित रूप से सुबह का नाश्ता छोड़ देता है तो उसके शरीर पर कई तरह के नकारात्मक प्रभाव पड़ सकते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार इससे कमजोरी और थकान, चक्कर या सिरदर्द, ध्यान और एकाग्रता में कमी, पाचन संबंधी समस्याएं, जैसी परेशानियां हो सकती हैं। कई बार लंबे समय तक नाश्ता न करने से शरीर का मेटाबॉलिज्म भी प्रभावित हो सकता है, जिससे वजन बढऩे की संभावना भी बढ़ जाती है।
कैसा होना चाहिए स्वस्थ नाश्ता
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार सुबह का नाश्ता हल्का लेकिन पौष्टिक होना चाहिए। इसमें ऐसे खाद्य पदार्थ शामिल होने चाहिए जो शरीर को ऊर्जा देने के साथ-साथ जरूरी पोषक तत्व भी प्रदान करें।
नाश्ते में निम्न चीजें शामिल करना लाभदायक माना जाता है:ताजे फल,अंकुरित अनाज,दूध या दही ओट्स या दलिया,सूखे मेवे ये सभी चीजें शरीर को प्रोटीन, फाइबर, विटामिन और खनिज तत्व प्रदान करती हैं, जिससे शरीर दिनभर सक्रिय और ऊर्जावान बना रहता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि बच्चों और युवाओं के लिए सुबह का नाश्ता और भी जरूरी होता है। इससे उनकी पढ़ाई में ध्यान केंद्रित करने की क्षमता बढ़ती है और मानसिक विकास में भी मदद मिलती है।
यदि दिन की शुरुआत पौष्टिक नाश्ते से की जाए तो व्यक्ति पूरे दिन बेहतर महसूस करता है और उसकी कार्यक्षमता भी बढ़ जाती है।






