प्रभात यादव
हर वर्ष 14 फरवरी को मनाया जाने वाला वेलेंटाइन डे आज केवल एक पश्चिमी परंपरा नहीं, बल्कि वैश्विक भावनाओं का उत्सव बन चुका है। भारत में भी यह दिन खासकर युवाओं के बीच प्रेम, दोस्ती और स्नेह की अभिव्यक्ति का प्रतीक बन गया है। हालांकि इसे लेकर समाज में विभिन्न मत हैं, लेकिन यह निर्विवाद है कि वेलेंटाइन डे ने आधुनिक सामाजिक जीवन में अपनी एक अलग पहचान बना ली है।
वेलेंटाइन डे का इतिहास रोमन संत सेंट वेलेंटाइन से जुड़ा माना जाता है, जिन्होंने प्रेम और विवाह की स्वतंत्रता के लिए अपने प्राण न्योछावर किए थे। समय के साथ यह दिन प्रेम और समर्पण के प्रतीक के रूप में स्थापित हो गया। आज यह केवल प्रेमी-प्रेमिका तक सीमित नहीं, बल्कि मित्रों, जीवनसाथियों और परिवार के सदस्यों के बीच भी स्नेह प्रकट करने का अवसर बन चुका है।
भारत जैसे सांस्कृतिक रूप से समृद्ध देश में प्रेम की अभिव्यक्ति कोई नई बात नहीं है। हमारे साहित्य, लोकगीतों और धार्मिक कथाओं में प्रेम की गहरी छाप मिलती है। राधा-कृष्ण का प्रेम, मीरा की भक्ति और कवियों की रचनाएं इस बात का प्रमाण हैं कि प्रेम हमारी परंपरा का अभिन्न हिस्सा रहा है। ऐसे में वेलेंटाइन डे को केवल विदेशी प्रभाव कहना उचित नहीं, बल्कि इसे प्रेम की आधुनिक अभिव्यक्ति के रूप में देखा जाना चाहिए।
बदलते समय के साथ बाजार ने भी इस दिन को खास बना दिया है। लाल गुलाब, उपहार, कार्ड, चॉकलेट और सजावट से बाजार सज जाते हैं। रेस्तरां और कैफे विशेष ऑफर देते हैं। सोशल मीडिया पर प्रेम संदेशों की भरमार रहती है। यह दिन युवाओं के लिए अपने मन की बात कहने का अवसर बन जाता है।
हालांकि, इस दिन को लेकर समाज में बहस भी होती है। कुछ लोग इसे भारतीय संस्कृति के विरुद्ध मानते हैं, तो कुछ इसे व्यक्तिगत स्वतंत्रता और भावनाओं की अभिव्यक्ति का अधिकार बताते हैं। वस्तुतः प्रेम किसी संस्कृति या सीमा का मोहताज नहीं होता। यदि इसे मर्यादा, सम्मान और संवेदनशीलता के साथ मनाया जाए, तो यह समाज में सकारात्मक ऊर्जा ही फैलाता है।
वेलेंटाइन डे का वास्तविक अर्थ केवल उपहारों का आदान-प्रदान नहीं, बल्कि रिश्तों में विश्वास, सम्मान और संवाद को मजबूत करना है। प्रेम का अर्थ त्याग, समझ और सहयोग भी है। यदि इस दिन लोग अपने संबंधों को और सशक्त बनाने का संकल्प लें, तो इसका महत्व और बढ़ जाता है।
आज की तेज रफ्तार जिंदगी में जहां लोग अपने काम और जिम्मेदारियों में उलझे रहते हैं, वहां वेलेंटाइन डे जैसे अवसर रिश्तों को समय देने और भावनाओं को व्यक्त करने की याद दिलाते हैं। यह दिन हमें सिखाता है कि प्रेम को व्यक्त करना भी उतना ही आवश्यक है जितना उसे महसूस करना।
अंततः, वेलेंटाइन डे केवल एक तिथि नहीं, बल्कि प्रेम की भावना का उत्सव है। यह हमें याद दिलाता है कि जीवन की सबसे बड़ी शक्ति प्रेम ही है। चाहे वह मित्रता का हो, परिवार का या जीवनसाथी का—सच्चा प्रेम हर रिश्ते को मजबूत बनाता है।






