नई दिल्ली। नए साल की शुरुआत भी दिल्ली-एनसीआर के लोगों के लिए राहत भरी नहीं रही। राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में वायु प्रदूषण लगातार ‘बहुत खराब’ श्रेणी में बना हुआ है। साल के पहले दिन दिल्ली का औसत AQI 380 दर्ज किया गया। इसके साथ ही कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने लोगों की परेशानियां और बढ़ा दीं।
पूरे एनसीआर में खराब हवा
दिल्ली के साथ-साथ नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद में भी हवा की गुणवत्ता बेहद खराब रही। कई इलाकों में AQI 400 के करीब दर्ज किया गया, जो स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा माना जाता है। हवा में धुंध और धुएं की मोटी परत छाई रही, जिससे दृश्यता भी कम हो गई।
सुबह और देर रात प्रदूषण का असर ज्यादा देखा गया। हवा की रफ्तार कम होने के कारण प्रदूषक कण वातावरण में जमे रहे। ठंड के चलते लोग दिनभर कंपकंपी महसूस करते रहे और धूप भी कमजोर रही।
डॉक्टरों के अनुसार इस स्तर की प्रदूषित हवा से सांस लेने में दिक्कत, आंखों में जलन, गले में खराश और सिरदर्द की शिकायतें बढ़ सकती हैं। बच्चों, बुजुर्गों और सांस या हृदय रोग से पीड़ित लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
लोगों से सतर्क रहने की अपील
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सुबह की सैर से बचने, मास्क पहनने और बिना जरूरत घर से बाहर न निकलने की सलाह दी है। बच्चों और बुजुर्गों को खासतौर पर प्रदूषण से दूर रखने की बात कही गई है।
दिल्ली-एनसीआर में नया साल भी प्रदूषण और ठंड के साथ शुरू हुआ है। जब तक मौसम में बदलाव और तेज हवाएं नहीं चलेंगी, तब तक हालात में सुधार की उम्मीद कम ही नजर आ रही है।






