हरदोई। जनपद के संडीला क्षेत्र में पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। गद्दी खेड़ा के पास हुई एक घटना को लेकर परिजनों ने संडीला पुलिस पर अपहरण, लूट और फर्जी मुठभेड़ जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। मामला सामने आने के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है और पुलिस की भूमिका पर जांच की मांग तेज हो गई है।
परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने एक किशोर को उसकी दुकान से जबरन उठाया और बाद में उसे गोली मार दी। घटना को मुठभेड़ का रूप देने की कोशिश की गई, जबकि परिवार का दावा है कि यह पूरी कार्रवाई पूर्व नियोजित थी।
आरोप यह भी है कि पुलिस ने घटना के बाद साक्ष्य मिटाने का प्रयास किया। परिजनों के मुताबिक, जिस दुकान से किशोर को उठाया गया था, वहां लगे सीसीटीवी कैमरे को तोड़ दिया गया और उसका DVR भी पुलिस अपने साथ ले गई। हालांकि, पास की एक अन्य दुकान में लगे कैमरे में पुलिस की गतिविधियां कैद हो गई हैं, जो अब पूरे मामले को संदिग्ध बना रही हैं।
बताया जा रहा है कि इस प्रकरण में विवेक समेत चार लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। पुलिस की ओर से इसे अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई बताया जा रहा है, लेकिन परिजन इसे फर्जी मुठभेड़ करार दे रहे हैं।
घटना के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश है और निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है। परिजनों ने उच्च अधिकारियों से हस्तक्षेप कर न्याय दिलाने की अपील की है। वहीं, पुलिस विभाग की ओर से अभी तक आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए अब सबकी नजर प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी है कि क्या सच्चाई सामने आ पाएगी और दोषियों पर कार्रवाई होगी या नहीं।
संडीला पुलिस पर गंभीर आरोप, अपहरण से फर्जी मुठभेड़ तक के लगे इल्जाम


