फर्रुखाबाद। कृषि मंडी सातनपुर में आलू के भाव में लगातार उतार-चढ़ाव बना हुआ है। 22 दिसंबर को मंडी में आलू की बिक्री 471 रुपये से 651 रुपये प्रति कुंतल के बीच दर्ज की गई। गुणवत्ता, आकार और आवक के आधार पर दामों में यह अंतर देखने को मिला।
आवक बढ़ने से दामों पर दबाव
मंडी सूत्रों के अनुसार, इन दिनों आसपास के गांवों से आलू की आवक लगातार बढ़ रही है। आवक अधिक होने के कारण बाजार में सप्लाई ज्यादा है, जिससे भाव अपेक्षाकृत नीचे बने हुए हैं। सामान्य और छोटे आकार के आलू न्यूनतम दर पर बिके, जबकि साफ-सुथरे और बड़े साइज के आलू को ऊपरी भाव मिला।
आलू उत्पादक किसानों का कहना है कि मौजूदा भाव लागत मूल्य से काफी कम हैं। बीज, खाद, कीटनाशक, सिंचाई और मजदूरी की बढ़ती लागत के बाद भी मंडी में अपेक्षित दाम नहीं मिल पा रहे हैं। किसानों के अनुसार, यदि यही स्थिति बनी रही तो उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
मंडी के व्यापारियों का कहना है कि इस समय आलू की मांग सीमित है, जबकि आवक अधिक है। बाहरी जिलों से मांग कमजोर रहने के कारण दामों में तेजी नहीं आ पा रही है। आने वाले दिनों में मांग बढ़ने पर भाव में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।
आगे क्या कहते हैं जानकार
कृषि जानकारों के मुताबिक, यदि मौसम अनुकूल रहा और कोल्ड स्टोरेज की मांग बढ़ी, तो जनवरी के पहले पखवाड़े में आलू के भाव में कुछ मजबूती आ सकती है। हालांकि फिलहाल किसानों को बाजार के उतार-चढ़ाव का सामना करना पड़ रहा है।


