औरैया
जनपद के बिधूना कोतवाली क्षेत्र के रुरुगंज गांव में गुरुवार को पारिवारिक विवाद ने खतरनाक मोड़ ले लिया, जब एक युवक गुस्से और मानसिक तनाव में आकर हाईटेंशन बिजली लाइन पर चढ़ गया। करीब 80 हजार वोल्ट की विद्युत लाइन पर युवक के चढ़ते ही पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और ग्रामीणों की सांसें थम गईं। घटना ने न सिर्फ परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र को दहशत में डाल दिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार रुरुगंज गांव निवासी ब्रह्मानन्द पुत्र रमेश चन्द्र पिछले लगभग दस दिनों से घर से लापता था, जिससे परिजन पहले से ही परेशान और चिंतित थे। गुरुवार को जब गांव के कुछ किसान खेतों की ओर जा रहे थे, तभी उनकी नजर अचानक हाईटेंशन लाइन पर चढ़े युवक पर पड़ी। पास जाकर देखने पर उन्होंने उसकी पहचान ब्रह्मानन्द के रूप में की और तुरंत इसकी सूचना परिजनों व अन्य ग्रामीणों को दी।
बताया जा रहा है कि ब्रह्मानन्द के परिवार में लंबे समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। आरोप है कि उसके पिता ने अपनी प्लॉट और बगिया की जमीन दामाद के नाम कर दी थी, साथ ही ट्रैक्टर भी दामाद सुशील के नाम कर दिया गया, जबकि उसकी किश्तें ब्रह्मानन्द ही चुका रहा था। इसी बात को लेकर परिवार में लगातार तनाव बना हुआ था, जो अंततः इस खतरनाक घटनाक्रम में बदल गया।
घटना के दौरान युवक बिजली के खंभे पर चढ़कर हंगामा करने लगा, जिससे मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। लोग भयभीत होकर दूर से ही स्थिति को देखते रहे। सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और युवक को सुरक्षित नीचे उतारने के प्रयास शुरू किए। पुलिसकर्मी और ग्रामीण लगातार उसे समझाने में जुटे रहे, ताकि किसी तरह उसे नीचे उतारा जा सके और कोई अनहोनी न हो।
काफी देर तक चले इस हाई वोल्टेज ड्रामे के चलते इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। प्रशासन ने बिजली आपूर्ति को भी एहतियातन नियंत्रित करने की प्रक्रिया शुरू की, ताकि किसी बड़े हादसे से बचा जा सके। खबर लिखे जाने तक युवक को सुरक्षित नीचे उतारने के प्रयास जारी थे।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि पारिवारिक विवाद और मानसिक तनाव किस हद तक लोगों को खतरनाक कदम उठाने के लिए मजबूर कर सकते हैं। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से अपील की है कि युवक की काउंसलिंग कराई जाए और परिवार के विवाद को सुलझाने के लिए ठोस पहल की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं दोबारा न हों।


