कासगंज: जनपद के पटियाली कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत ग्राम देवी नगला में गुरुवार दोपहर एक दर्दनाक हादसे ने पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया। गेहूं पिसवाने गई 50 वर्षीय सावित्री देवी पत्नी सियाराम की मोबाइल आटा चक्की में साड़ी का पल्लू फंस जाने से मौके पर ही मौत हो गई। घटना इतनी भयावह थी कि जिसने भी देखा, उसकी रूह कांप उठी।
प्राप्त जानकारी के अनुसार सावित्री देवी रोजमर्रा की तरह अपने घर का गेहूं पिसवाने के लिए गांव में आई मोबाइल आटा चक्की पर पहुंची थीं। बताया जा रहा है कि चक्की ट्रैक्टर से संचालित हो रही थी और उस समय मशीन पूरी गति से चल रही थी। इसी दौरान अचानक तेज हवा का झोंका आया, जिससे उनकी साड़ी का पल्लू उड़कर ट्रैक्टर और आटा चक्की के बीच लगी कपलिंग में जा फंसा। इससे पहले कि वह कुछ समझ पातीं, पल्लू तेजी से कपलिंग में लिपटता चला गया और सावित्री देवी मशीन की ओर खिंचती चली गईं।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कुछ ही क्षणों में वह असंतुलित होकर मशीन की चपेट में आ गईं और जोरदार झटकों के साथ जमीन पर गिर पड़ीं। घटनास्थल पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई। चालक ने तत्काल मशीन बंद करने की कोशिश की, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। गंभीर चोटों के कारण सावित्री देवी ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
हादसे की सूचना मिलते ही पटियाली कोतवाली से पुलिस उपनिरीक्षक धर्मेंद्र सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरते हुए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रारंभिक जांच में यह मामला हादसा प्रतीत हो रहा है, हालांकि पुलिस पूरे घटनाक्रम की विस्तृत जांच कर रही है।
इस अचानक हुई घटना से मृतका के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। सावित्री देवी अपने पीछे पति सियाराम और परिवार के अन्य सदस्यों को छोड़ गई हैं। गांव में शोक की लहर दौड़ गई है और हर व्यक्ति इस हृदयविदारक हादसे को लेकर स्तब्ध है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मोबाइल आटा चक्कियों पर सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की दुखद घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।


