कासगंज। जनपद में वाणिज्यिक गैस सिलेंडरों की आपूर्ति बाधित होने से बाजार में कुकिंग गैस की किल्लत गहराने लगी है। स्थिति यह है कि गैस की कमी का फायदा उठाकर कालाबाजारी तेजी से बढ़ रही है। खुले बाजार में वाणिज्यिक गैस सिलेंडर 2200 से 2300 रुपये तक बेचे जा रहे हैं, जबकि घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत भी बढ़कर लगभग 1300 रुपये तक पहुंच गई है। इससे आम उपभोक्ताओं के साथ-साथ छोटे व्यापारियों और होटल-ढाबा संचालकों की मुश्किलें काफी बढ़ गई हैं।
गैस की अनियमित आपूर्ति का सबसे ज्यादा असर होटल, ढाबों, चाय-नाश्ते की दुकानों और छोटे रेस्टोरेंटों पर पड़ रहा है। कई व्यापारियों का कहना है कि वाणिज्यिक सिलेंडर समय पर नहीं मिल पा रहे हैं, जिससे उन्हें मजबूरी में घरेलू सिलेंडरों का उपयोग करना पड़ रहा है। इससे घरेलू उपभोक्ताओं को भी समय पर गैस नहीं मिल पा रही है और कई क्षेत्रों में लोगों को सिलेंडर के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है।
व्यवसायियों का कहना है कि यदि जल्द ही आपूर्ति व्यवस्था सामान्य नहीं हुई तो उन्हें पुराने पारंपरिक तरीकों का सहारा लेना पड़ेगा। कई होटल और ढाबा संचालक अब कोयले और लकड़ी की भट्ठी का उपयोग करने की तैयारी कर रहे हैं, क्योंकि गैस की कमी से उनका दैनिक कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। कुछ व्यापारियों ने यह भी कहा कि गैस की कीमतों में अचानक बढ़ोतरी और उपलब्धता की समस्या से छोटे कारोबारियों की आर्थिक स्थिति पर भी असर पड़ रहा है।
उधर पेट्रोल, डीजल और कुकिंग गैस को लेकर प्रशासन ने भी सख्ती बढ़ा दी है। अधिकारियों का कहना है कि बाजार में कालाबाजारी और जमाखोरी की शिकायतें मिल रही हैं, जिन्हें रोकने के लिए निगरानी बढ़ाई गई है। प्रशासन ने पेट्रोल पंप और गैस एजेंसियों को निर्देश दिए हैं कि वे निर्धारित दर और नियमों के अनुसार ही आपूर्ति करें तथा किसी भी प्रकार की गड़बड़ी मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बताया जा रहा है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खाड़ी देशों में जारी युद्ध और वहां के अस्थिर हालात का असर पेट्रोलियम उत्पादों की आपूर्ति पर भी पड़ रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में बने इस माहौल का प्रभाव स्थानीय स्तर पर भी देखने को मिल रहा है, जिससे गैस और अन्य पेट्रोलियम पदार्थों की उपलब्धता प्रभावित हो रही है। इसका सीधा असर आम जनजीवन, घरेलू बजट और छोटे-मोटे कारोबार पर पड़ता दिखाई दे रहा है।
स्थानीय लोगों और व्यापारियों ने प्रशासन से मांग की है कि गैस की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित कराई जाए और कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि बाजार में स्थिति सामान्य हो सके और उपभोक्ताओं को राहत मिल सके।


