मिलावटी खाद्य पदार्थों पर रोक के लिए छापेमारी तेज, विभिन्न इकाइयों से नमूने संग्रह
फर्रुखाबाद:आगामी होली पर्व (Holi festival) को दृष्टिगत रखते हुए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) की टीम ने जनपद में मिलावटी खाद्य एवं पेय पदार्थों के विक्रय पर प्रभावी रोकथाम के उद्देश्य से शनिवार को छापामार कार्रवाई की। इस दौरान 235 लीटर सरसों का तेल, जिसकी अनुमानित कीमत ₹39,950 बताई गई है, को सीज किया गया।
यह कार्रवाई आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन, उत्तर प्रदेश, लखनऊ तथा जिलाधिकारी आशुतोष द्विवेदी के आदेशों के अनुपालन में की गई। अभियान का नेतृत्व सहायक आयुक्त (खाद्य)-II अजीत कुमार ने किया, जबकि मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी अक्षय प्रधान के पर्यवेक्षण में खाद्य सुरक्षा अधिकारी शिवदास सिंह एवं संजय कुमार सिंह द्वारा संयुक्त रूप से कार्रवाई संपादित की गई।
विनिर्माण इकाई से लिया गया नमूना
टीम ने गढ़ी साबिर अली, फर्रुखाबाद स्थित एक विनिर्माण इकाई/एक्सपेलर (खाद्य कारोबारकर्ता अनुरुद्ध कुमार पुत्र ज्योति स्वरूप) पर छापा मारकर सरसों के तेल का एक नमूना जांच हेतु संग्रहित किया। नमूना संग्रह की प्रक्रिया पूर्ण करने के बाद शेष बचे कुल 235 लीटर सरसों के तेल को नियमानुसार सीज कर दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि संग्रहित नमूना प्रयोगशाला भेजा जाएगा, जहां उसकी गुणवत्ता की जांच की जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी।
कोल्ड स्टोरेज का भी किया गया निरीक्षण
इसके अतिरिक्त टीम द्वारा रखा रोड, फतेहगढ़ स्थित एम.आर. कोल्ड स्टोरेज तथा पचपुखरा स्थित चन्द्रा कोल्ड स्टोरेज का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान दोनों स्थानों पर खोया या अन्य मिठाइयों का भंडारण नहीं पाया गया। इस संबंध में कोल्ड स्टोरेज संगठन जनपद फर्रुखाबाद के अध्यक्ष अजय गंगवार से वार्ता की गई। उन्होंने बताया कि जनपद में आलू पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध होने के कारण किसी भी कोल्ड स्टोरेज में खोया अथवा अन्य मिठाइयों का भंडारण नहीं किया जा रहा है।
त्योहारों पर विशेष सतर्कता
एफएसडीए अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि होली जैसे प्रमुख त्योहारों के अवसर पर मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री की आशंका बढ़ जाती है। ऐसे में आमजन के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि खाद्य पदार्थों में मिलावट पाए जाने पर संबंधित कारोबारियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन की इस कार्रवाई से खाद्य कारोबारियों में हड़कंप मच गया है, वहीं आम जनता ने अभियान की सराहना करते हुए इसे जनहित में आवश्यक कदम बताया है।


